सेक्टर-10 स्थित डिजाइन इंस्टीट्यूट की हेरिटेज बिल्डिंग धराशायी होने के कगार पर है। इस बिल्डिंग में एंट्री करते ही हर तरफ बदहाली का आलम दिखता है। हैरत की बात है कि चंडीगढ़ प्रशासन का दफ्तर भी यहां से चंद कदमों की दूरी पर है और इस रास्ते से अकसर अफसरों की आवाजाही होती है।
इसके बावजूद इस धरोहर को संभालने की तरफ किसी का ध्यान नहीं गया। यह बिल्डिंग ली कार्बूजिए के निर्देशन में डिजाइन की गई है, जो शहर के लिए बड़े गर्व की बात है। लेकिन, बिल्डिंग की हालात देखकर ऐसा लगता है, जैसे वर्षो से साफ-सफाई भी न हुई हो।
इस बिल्डिंग में प्रवेश करते ही कैंपस का नजारा किसी डंपिंग ग्राउंड से कम नहीं लगता। इस बिल्डिंग में इस समय पंजाब और हरियाणा के सरकारी कार्यालय हैं, जबकि कभी इसे आर्ट के प्रमोशन के लिए इस्तेमाल किया जाता था। इस बिल्डिंग के कैंपस में लोहे के बने मेन गेट टूट चुके हैं। एंट्री गेट के ऊपर लगे शीशे तक टूटे हैं।
वहीं, कैंपस में चारों तरफ कबाड़ भरा पड़ा है और बिल्डिंग की दीवारों पर पौधे उग गए हैं। इतना ही नहीं, कैंपस के अंदर बने बाथरूम का एक हिस्सा कभी भी गिर सकता है। चंडीगढ़ के सेक्टर-10 स्थित डिजाइन इंस्टीट्यूट की इमारत में ही पंजाब और हरियाणा सरकार के कार्यालय हैं।
वे इनका इस्तेमाल कबाड़घर की तरह कर रहे हैं। इन चित्रों में से एक पंजाब के कंट्रोलर ऑफ स्टोर्स के दफ्तर का हाल दिखा रहा है तो दूसरा हरियाणा के सूचना, जनसंपर्क एवं सांस्कृतिक कार्य निदेशालय है।