अमृतसर से मुल्लांपुर दाखा पहुंचे आठ युवाओं ने पेट्रोल पंप पर किसानों को डीजल बांटा। यह डीजल उन किसानों को दिया गया, जो गणतंत्र दिवस के मौके पर दिल्ली में होने वाले ट्रैक्टर मार्च में शामिल होने जा रहे हैं।
शुक्रवार देर शाम तक इन युवाओं ने 50 ट्रैक्टरों में लगभग 2.50 लाख रुपये का डीजल मुफ्त में डाला। युवाओं ने बताया कि सभी दोस्तों ने मिलकर किसानों की मदद के लिए पैसा जुटाया और डीजल बांटकर मदद की। इसमें किसी से कोई फंड नहीं लिया गया है।
गांव माडी मेघा (तरनतारन) निवासी चंदनवंत सिंह सिद्धू ने बताया कि उन्हें पता चला था कि लुधियाना के इस इलाके में किसान दिल्ली तो जाना चाहते हैं लेकिन अभी ट्रैक्टर में तेल डलवाने में असमर्थ हैं। इसलिए शुक्रवार को वह दाखा के प्रकाश फिलिंग स्टेशन पर पहुंचे। यहां जो भी किसान ट्रैक्टर लेकर आया है, उसे मुफ्त में डीजल दिया। हर ट्रैक्टर की टंकी फुल की गई, ताकी वह आसानी से दिल्ली जाकर वापस लौट सके।
किसानों के समर्थन में किया रोष प्रदर्शन
जालंधर में कृषि कानूनों को रद्द कराने के लिए पंजाब के ईसाई समुदाय के लोगों ने शुक्रवार को डीसी ऑफिस के बाहर रोष प्रदर्शन कर कानून रद्द करने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि केंद्र सरकार जबरन कानूनों को किसानों पर थोप रही है। किसान अपने हक के लिए सड़कों पर उतरे हैं। जिला प्रशासन को सौंपे गए पत्र में उन्होंने मांग की है कि कृषि कानूनों को जल्द रद्द किया जाए।
किसान-मजदूर संघर्ष कमेटी के महासचिव सरवन सिंह पंधेर ने कहा कि गणतंत्र दिवस पर दिल्ली में हर हाल में ट्रैक्टर परेड की जाएगी। पंजाब, उत्तर प्रदेश, हरियाणा व अन्य स्थानों से लाखों की संख्या में ट्रैक्टर दिल्ली पहुंच रहे हैं। पंधेर ने कहा कि आरएसएस व भाजपा किसान आंदोलन को बदनाम करने की साजिश रचने में जुटे हैं।
पंधेर ने कहा कि कृषि कानूनों के खिलाफ केंद्र सरकार के साथ किसान संगठनों की बैठकों का दौर जारी है। लेकिन अभी तक कृषि कानून को वापस लेने पर कोई फैसला नहीं हुआ है। किसान संगठनों में फूट डलवाकर केंद्र सरकार आंदोलन को खत्म करवाना चाहती है। सरकार की इस नीति को कामयाब नहीं होने देंगे।
हलवारा : गुरुद्वारे में अरदास कर दिल्ली रवाना हुए किसान
26 जनवरी को किसान यूनियन की तरफ से ट्रैक्टर मार्च निकालने की तैयारियां जोरों पर है। इस मार्च में शामिल होने शुक्रवार को गांव सुधार से सैकड़ों की संख्या में ट्रैक्टर दिल्ली रवाना हुए। सबसे पहले गांव के गुरुद्वारा साहिब में सभी लोग एकत्र हुए और अरदास कर दिल्ली की ओर चल पड़े।
सरपंच हरमिंदर सिंह ने बताया कि किसानों की सिर्फ एक ही मांग है, खेती कानून को रद्द किया जाए। इसके अलावा वह किसी अन्य बात पर नहीं मानेंगे। इसी बात को लेकर बीते दो माह से किसान दिल्ली बार्डर पर धरना दे रहे हैं। अब किसान 26 जनवरी को ट्रैक्टर मार्च निकालेंगे।
फिरोजपुर : शहीद भगत सिंह की समाधि पर माथा टेक निकाली ट्रैक्टर रैली
किसानों ने कृषि कानूनों के विरोध में भारत-पाक अंतरराष्ट्रीय हुसैनीवाला बार्डर स्थित शहीद-ए-आजम भगत सिंह, राजगुरु व सुखदेव की समाधि पर माथा टेककर ट्रैक्टर रैली निकाली, जो शहर की दाना मंडी से होती हुई अन्य गांवों में पहुंची। इस मौके पर विधायक परमिंदर सिंह ने भी हिस्सा लिया। विधायक ने कहा कि किसान कृषि कानूनों के खिलाफ 26 जनवरी को ट्रैक्टर परेड का पूर्वाभ्यास कर रहे हैं। दिल्ली में भी किसान गणतंत्र दिवस पर शांतिपूर्वक ट्रैक्टर परेड करेंगे।