अब तक दोस्तों, सगे-संबंधियों को नेटवर्किंग के जरिए साथ जोड़कर रखने वाले सोशल एप्लिकेशन व्हट्स ऐप ने करनाल से व्यापारी के बेटे की किडनैपिंग को सुलझाने में अहम भूमिका निभाई।
इस केस को सुलझाने के लिए बनाई गई स्पेशल इंवेस्टीगेशन टीम (एसआईटी) व्हट्स ऐप पर एक ग्रुप में थी और तफ्तीश के दौरान जब भी किसी को कोई अपडेट मिलता, उसे ग्रुप में मैसेज कर दिया जाता था और पूरी एसआईटी अलर्ट हो जाती थी।
करनाल के मॉडल टाउन से 9 मई को अगवा हुए जूता व्यापारी महेश सरदाना के बेटे 27 वर्षीय केतन सरदाना को छोड़ने के लिए छह करोड़ की फिरौती मांगी गई थी और ढाई करोड़ में सौदा तय हुआ था। फिरौती की यह रकम पंचकूला में ही लेनी थी।
पंचकूला में मिली किडनैपर की कार
अपहर्ताओं का गैंग यह रकम लेने के लिए पंचकूला आया भी और खुद को एसआईटी से घिरे होने के वाकये को भांपकर खुद तो फरार होने में कामयाब हो गया, पर कोर्ट की पार्किंग में अपनी स्विफ्ट कार छोड़ गया।
पुलिस ने उसे कब्जे में ले लिया। वहीं, पंचकूला में अपहर्ताओं के पीछे लगी एसआईटी से मैसेज पाकर करनाल में भी टीम के सदस्य अलर्ट थे।
वे आखिरकार व्यापारी के बेटे को 15वें दिन शुक्रवार को अपहर्ताओं से छुड़ाने में कामयाब रहे और गैंग के मुखिया पानीपत निवासी पंकज को भी दबोच लिया।
फोन बंद होते ही टूटी कनेक्टीविटी
किडनैपर पहले यूपी क्षेत्र से छह करोड़ की फिरौती मांगता रहा। जितनी दफा किडनैपर का फोन आया, वह केतन के मोबाइल से था। ढाई करोड़ पर डील फाइनल होने के बाद रकम देने के लिए पंचकूला बुलाया।
पुलिस नंबर को ट्रैक कर रही थी और पंचकूला तक किडनैपर का पीछा किया गया। इस बीच पुलिस की टीम और किडनैपर की काले रंग की स्विफ्ट का टकराव भी हुआ।
पंचकूला के विभिन्न क्षेत्रों में किडनैपर की लोकेशन आती रही, लेकिन जब पुलिस अपहर्ताओं के करीब थी, तभी किडनैपर की लोकेशन सेक्टर-1 में आने के बाद फोन बंद हो गया।
करनाल की टीम पंचकूला में कर रही थी ट्रैक
करनाल के सिविल लाइन थाना प्रभारी इंस्पेक्टर ललित की टीम किडनपैर को ट्रैक कर रही थी। दोपहर के वक्त सर्च करते-करते टीम सेक्टर-1 कोर्ट क्षेत्र में पहुंची तो काले रंग की स्विफ्ट पार्किंग में खड़ी मिली और गाड़ी में कोई नहीं था।
सर्च करने पर उसमें केतन सरदाना का एटीएम कार्ड मिला। पुलिस ने गाड़ी को कब्जे में लेकर पार्किंग क्षेत्र के कारिदों से पूछताछ की तो पता चला कि गाड़ी छोड़कर जाने वाला सात-आठ दिन बाद आने की बात कहकर गया था।
इसी बीच पंचकूला में ऑपरेशन में जुटी टीम को सूचना मिली कि केतन को रिकवर कर लिया गया है और एक किडनैपर भी पकड़ा गया। इस आपरेशन के दौरान एसआईटी की टीम पंचकूला पुलिस से भी संपर्क में रही।