फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बजट से पहले श्वेत पत्र लाएगी हरियाणा सरकार

Wed, 05 Nov 2014 04:16 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
विज्ञापन
हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने बजट सत्र से पहले राज्य के वित्तीय प्रबंधन पर श्वेत पत्र लाने का ऐलान किया है।
विज्ञापन


विधानसभा में मंगलवार को राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा पर 82 हजार करोड़ रुपये का कर्ज है, जो दर्शाता है कि प्रदेश में आर्थिक प्रबंधन की कमी रही है।

उन्होंने कहा कि श्वेत पत्र लाने से प्रदेश के वित्तीय हालात की पूरी स्थिति जनता के सामने होगी। जनता को भी यह पता चलेगा कि हम कहां खड़े हैं।

सदन में विपक्ष के नेता अभय चौटाला द्वारा उठाए गए हुड्डा सरकार के भ्रष्टाचार संबंधी मामलों पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जितनी शिकायतें पहले आई हैं और जो आगे मिलेंगी, उन सबकी जांच करवाई जाएगी।
विज्ञापन
Trending Videos

हरियाणा में पंजाब की तरह नहीं होने देंगे

पंजाब के समान वेतनमान पर मुख्यमंत्री ने सदन को अवगत करवाया कि पंजाब के वेतनमान की बात की जाए तो वहां लोगों को 6-6 माह वेतन नहीं मिलता। वे अपने प्रदेश को उस स्थिति में नहीं लाना चाहते।

उन्होंने कहा कि वैसे हर प्रदेश की वित्तीय स्थिति अलग होती है और कर्मचारियों को नौकरी पर रखने की योग्यताएं और सुविधाएं भी अलग होती हैं।

फिर भी वे प्रदेश में असंतोष का वातावरण पैदा नहीं होने देंगे। कांग्रेस विधायक करण दलाल ने इस विषय पर सदन के सदस्यों की कमेटी बनाने का प्रस्ताव दिया।
विज्ञापन

करनाल में उजागर हुए घोटले की जांच कराएंगे

मुख्यमंत्री खट्टर ने सदन में कहा कि करनाल की आडिट रिपोर्ट में साढ़े चार करोड़ का घोटाला सामने आया है। उन्होंने कहा,‘‘बुढ़ापा पेंशन कहां जा रही है, इसका पता नहीं है। 12 हजार लोगों के फार्म नहीं हैं। पात्रता सूची नए सिरे से बनवाई जाएगी। पेंशन बंटवारे की सभी अनियमितताएं दूर होंगी।’’

कांग्रेस विधायकों ने किया वाकआउट
कांग्रेस विधायकों ने सदन में मंगलवार को बुढ़ापा पेंशन वृद्धि की तिथि घोषित किए जाने को लेकर दबाव बनाया। उनकी मांग थी कि पेंशन वृद्धि की तिथि की घोषणा की जाए। हालांकि मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट में बुढ़ापा पेंशन बढ़ाने की पूरी योजना सदन के पटल पर रखी जाएगी।

लेकिन कांग्रेस विधायक तिथि की घोषणा पर अड़े रहे और सदन से वाकआउट कर गए। कांग्रेस विधायकों का कहना था कि भाजपा ने अपने घोषणा पत्र में दो हजार रुपये पेंशन देने की बात कही थी लेकिन राज्यपाल के अभिभाषण में इसका कोई जिक्र नहीं है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें