नौकर को दस हजार रुपये न देने पड़े इसके लिए दुकान मालिक ने उसपर बेटे से कुकर्म करने का आरोप लगा डाला। मेडिकल रिपोर्ट आने पर खुलासा हुआ कि बच्चे के साथ कुकर्म हुआ ही नहीं तब जाकर मामला सामने आया। थाना तीन के एसएचओ विमलकांत ने आरोपी को रिहा कर दिया है।
शुक्रवार को फगवाड़ा गेट के एक दुकानदार ने आरोप लगाया था कि उनके चार साल के बेटे के साथ नौकर अमन ने कुकर्म किया है। इसके बाद अमन को हिरासत में ले लिया गया था।
एसएचओ विमलकांत ने बताया कि जांच में पता चला है कि नौकर अमन मालिक से अपने बकाया 10 हजार रुपये मांग रहा था। ये रुपये न देने पड़े इसलिए मालिक ने कुकर्म की झूठी कहानी बना डाली।
दस हजार न देने पड़े इसके लिए मालिक ने बेटे के कुकर्म की कहानी बना डाली।उ नका कहना है कि पुलिस शिकायतकर्ता के खिलाफ धारा 182 के तहत कार्रवाई करेगी। इसके लिए वैधानिक राय ली जा रही है।