फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पर्यटकों के लिए किसी अजूबे से कम नहीं है इस्राइल का डेड सी

Sat, 23 Apr 2016 02:05 AM IST
प्रवीण पाण्डेय/अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
डेड सी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
देश दुनिया में अपनी विशेष पहचान बना चुका इस्राइल और यहां मौजूद डेड सी किसी अजूबे से कम नहीं है। अब यह पयर्टन के क्षेत्र में नाम कमाने के लिए तैयार है। यह किसी अजूबे से पिछले कुछ सालों में पयर्टन के हिसाब से सीढ़ियां चढ़ रहा यह देश अब विश्व को अपने यहां की खासियतें दिखाने के लिए तैयार है। इस देश को अकेले भारत से सालाना 40 से 45 हजार पयर्टकों के आने की उम्मीद रहती है।
विज्ञापन


इसके अलावा यूरोपीय देशों के पयर्टक भी यहां हर साल बड़ी तादाद में आते हैं। इन पर्यटकों का मुख्य आकर्षण यहां के समुद्र के किनारे और यहां का इतिहास है। इसमें सबसे ज्यादा रोमांचित करने वाला अनुभव डेड सी (मृत सागर) का है। मृत सागर एक ऐसी खारी झील है, जो जॉर्डन और इस्राइल के बीच में स्थित है। यह लगभग 80 किलोमीटर लंबी और 5 से 20 किलोमीटर चौड़ी है। इसकी खासियत यह है कि इसमें कोई भी व्यक्ति डूब नहीं सकता। पानी खारा और तैलीय होने के कारण इस सागर में पीठ के बल लेटते ही आदमी तैरने लगता है।

लोग यहां स्किन ट्रीटमेंट लेने के लिए आते हैं। खारा और तैलीय पानी मैग्नीशियम, पोटैशियम और अन्य खनिज तत्वों से भरपूर है। दावा है कि यहां स्नान करने वालों की त्वचा संबंधी अधिकतम बीमारियों इस जल केस्पर्श से दूर हो जाती हैं। इसी क्षेत्र के आसपास मिलने वाली ब्लैक मड का लेप पूरे शरीर पर लगा कर लोग यहां सन बाथ का भी आनंद लेते हैं। यह लेप भी त्वचा के लिए काफी असरकारक है। यही कारण है कि एक सौंदर्य प्रसाधन निर्माता कंपनी ने यहां की ब्लैक मड और समुद्र के नमक के साथ सौंदर्य उत्पाद बनाने शुरू कर दिए हैं। पैकेट में पैक ब्लैक मड लोग अपने घरों के लिए भी ले जाते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

और भी कई खूबियां हैं इजरायल के डेड सी में

डेड सी - फोटो : अमर उजाला
सामान्यत: अन्य समुद्रों में नमक की मात्रा 4  से 5 प्रतिशत पाई जाती है लेकिन मृत सागर के पानी में यह मात्रा सर्वाधिक 25 प्रतिशत के लगभग है। सागर के बीच में पहाड़ियां हैं, जिसकी दूसरी तरफ जार्डन है।

भूमध्य सागर
भूमध्य सागर के किनारे का लुत्फ लेने के लिए भी पयर्टक यहां भारी संख्या में आते हैं। वाटर स्पोर्ट्स के अलावा सी बीच के किनारे कई सारे रेस्तरां हैं, जो सी फूड में महारत हासिल कर चुके हैं।

यरूशलम
खुदाई में निकले यहां के इतिहास की एक-एक इबारत इस बात की गवाह है। मध्यपूर्व में स्थित यह देश विश्व में राजनीति और इतिहास की दृष्टि से बहुत महत्वपूर्ण है। यहूदियों का मूल निवास रहे इस क्षेत्र का नाम ईसाइयत, इस्लाम और यहूदी धर्मों में प्रमुखता से लिया जाता है। यहूदी, मध्यपूर्व और यूरोप के कई क्षेत्रो में फैल गए थे।

उन्नीसवीं सदी के अंत और बीसवीं सदी के पूर्वार्ध में यूरोप में यहूदियों के ऊपर किए गए अत्याचार के कारण यूरोपीय, यहूदी अपने क्षेत्रों से भाग कर यरूशलम और इसके आसपास के क्षेत्रों में आने लगे। जिसके बाद सन् 1948 में आधुनिक इस्राइल राष्ट्र की स्थापना हुई।

यरूशलम से बिल्कुल अलग है तेल अवीव
यह वह शहर है, जहां रात जवान होती है और रात भर पार्टियों का दौर चलता है। रेस्तरां पब और बार से सजे इस शहर में एक रात बिताने केलिए दुनिया भर से लोग आते हैं। जहां शुक्रवार की शाम से ही जश्न की तैयारियां शुरू हो जाती हैं। शनिवार रात तक पार्टियों का दौर पूरे शबाब पर होता है। समुद्र के किनारे बसे इस शहर पर लगी होटलों की कतार में एक से एक बढ़िया होटल हैं।

धार्मिक स्थान भी पहचान
यरूशलम में मौजूद अल अक्सा मस्जिद मुस्लिम समुदाय में बहुत अहमियत रखती है। इस मस्जिद की मान्यता मक्का और मदीना के बाद तीसरे नंबर पर आती है। ईसाई समुदाय केलिए भी ईसा मसीह से जुड़े तथ्य देखने के लिए यरुशलम महत्वपूर्ण जगह है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें