चंडीगढ़। सीबीआई की विशेष अदालत ने दस हजार रुपये रिश्वत लेने के दोषी सब इंस्पेक्टर सुशील कुमार को चार साल कैद और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। सीबीआई की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा ने दोषी को सेक्टर-43 स्थित जिला अदालत के कोर्ट रूम के पास महिला शौचालय में शिकायतकर्ता से दस हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था।
सीबीआई को दी शिकायत में लुधियाना के रहने वाले गुरसेवक ने बताया कि रोपड़ जेल में बंद उसके भाई पर तीन केस दर्ज हैं। इनमें से एक आर्म्स एक्ट का केस साल 2014 में चंडीगढ़ पुलिस ने दर्ज किया था। शिकायत के मुताबिक उसके भाई की ओर से दायर जमानत याचिका पर चंडीगढ़ जिला अदालत में सुनवाई होनी थी। सुनवाई से पहले पुलिस के क्राइम ब्रांच में तैनात सब इंस्पेक्टर सुशील कुमार ने उसे फोन कर भाई की जमानत में मदद करने की बात कहते हुए दस हजार रुपये की रिश्वत मांगी। इसके बाद पीड़ित की शिकायत पर सीबीआई ने ट्रैप लगा दिया। सब इंस्पेक्टर ने उसे चौथी मंजिल पर स्थित एक कोर्ट के पास बुलाया। वहां से वह उसे महिला शौचालय की तरफ ले गया। वहां गुरसेवक ने जैसे ही रुपये दिए सीबीआई ने रंगेहाथ पकड़ लिया।