लद्दाख सीमा पर चीन के सैनिकों के साथ झड़प में भारतीय सैनिकों की शहादत पर रोष जताते हुए बजरंग दल व विश्व हिंदू परिषद ने भगत सिंह चौक पर रोष प्रदर्शन कर चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग का पुतला फूंका। इस अवसर पर बजरंग दल के विकास ग्रोवर विभाग संयोजक, मोहन मित्तल, मुनीश, नीरज ,राजेश ,गौरव शर्मा, शशिकांत मराठा, परवीन मराठा ,राजेश शर्मा, संजू शर्मा सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे।
इस मौके पर बजरंग दल के विभाग संयोजक विकास ग्रोवर ने कहा कि जिस तरह चीन धोखाधड़ी करते हुए भारत के सैनिकों पर हमला किया है उससे पूरे देश में चीन के खिलाफ भारी रोष है। विकास ग्रोवर ने कहा कि हालांकि भारतीय सैनिकों ने चीन को मुंहतोड़ जवाब दिया है। लेकिन चीन ने जिस तरह से धोखे से वार किया है उसके लिए चीन को सबक सिखाना चाहिए ।
ग्रोवर ने कहा कि भारत के प्रधानमंत्री को भारतीय सेना को खुली छूट देकर ईट का जवाब पत्थर से देना चाहिए ताकि चीन जैसे देश धोखे जैसे हिमाकत ना करें। उन्होंने भारतीय सेना के शौर्य की प्रशंसा करते हुए कहा कि भारतीय सेना पूरी तरह मुस्तैद है जिसके चलते ही चीन की धोखाधड़ी नाकाम रही है। रोष प्रदर्शन कर रहे सभी कार्यकर्ताओं ने भारतीय सेना को सलाम किया व शहीदों को नमन भी किया ।
रोहतक: व्यापारियों ने चीनी सामान का किया बहिष्कार
भारत-चीन सीमा पर हुए विवाद में भारतीय सैनिकों के शहीद होने पर शहर के व्यापारियों में चीन के प्रति गुस्सा है। बुधवार को आंबेडकर चौक पर रोहतक ट्रेडर्स एसोसिएशन के प्रधान हेमंत बख्शी के नेतृत्व में व्यापारियों ने न चीन निर्मित सामान को आग लगा दी, बल्कि सामान का बहिष्कार करने का एलान किया।
बख्शी ने कहा कि 20 भारतीय सैनिकों की शहादत के लिए जिम्मेदार चीन को सबक सिखाना जरूरी है। चीन की बनी वस्तुओं का भारत सबसे बड़ा बाजार है। यहां बाजारों में 80 प्रतिशत सामान चीन से ही आता है। जूते-चप्पल, क्राकरी, गिफ्ट आईटम्स, कपड़ा, बैग, मोबाइल आदि सभी चीजें चीन से ही आती हैं।
चीन द्वारा निर्मित वस्तुएं बाजारों में बेचने से उसे संपन्नता मिलती है। अगर इस पर रोक लगाकर स्वदेशी चीजों को प्राथमिकता दें तो चीन को करारा आर्थिक सबक मिलेगा। यहीं देश के सैनिकों को सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इसलिए चीन द्वारा की गई नापाक हरकत के विरोध में उसे सबक सिखाने के लिए हम चीनी वस्तुओं की बिक्री का बहिष्कार करते हैं।
महेंद्रगढ़: गलवां घाटी में जवानों की शहादत पर लोगों में रोष, चीन के खिलाफ किया प्रदर्शन
लद्दाख के पास गलवां घाटी में चीनी सेना से झड़प में भारतीय सेना के 20 जवानों के शहीद होने पर लोगों ने आक्रोश जाहिर किया। बुधवार को राव तुलाराम चौक के दुकानदारों ने चीन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। दुकानदारों ने चीन में बने सामान का बहिष्कार करने और स्वदेशी वस्तुओं का प्रयोग करने की शपथ ली। प्रदर्शनकारियों ने भारतीय सेना जिंदाबाद के नारे भी लगाए।
प्रदर्शन कर रहे दुकानदारों ने कहा कि चीन भारत को हमेशा आंख दिखाने की कोशिश करता रहा है। इस समय अपने जवानों का मनोबल बढ़ाने की जरूरत है। चीन भारत में सालाना छह लाख करोड़ रुपये का व्यापार करता है। किसी भी देश को कमजोर करने के लिए सबसे कारगर तरीका यही है कि उस देश की निर्मित वस्तुओं का बहिष्कार करें। दुकानदारों ने कहा कि हम आज से किसी भी चीनी सामान को न खरीदने की शपथ लेते हैं।
इस बारे में लोगों से भी अपील करेंगे। सभी लोग चीनी वस्तुओं का बहिष्कार करें। स्वेदशी वस्तु खरीद कर देश की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करें। हमें लोकल को वोकल करने की जरूरत है। देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए एकजुट होकर काम करें। इस अवसर पर कृष्ण कुचौली, महेंद्र कुमार, रामगोपाल, अशोक देवास, धर्मेंद्र बेरी, संजय मिस्त्री, मंजीत झगड़ौली, रवि गोस्वामी आदि उपस्थित रहे।
गांव झोझू कलां में भारत-चीन सीमा पर शहीद हुए कर्नल संतोष बाबू व अन्य भारतीय शहीदों को श्रद्धांजलि दी गई। बस स्टैंड के समीप विभिन्न संगठनों के लोग इकट्ठे हुए और चीन की बर्बरतापूर्ण कार्रवाई का विरोध किया। सामाजिक कार्यकर्ता बिशन सिंह आर्य के नेतृत्व में स्वदेशी विचार मंच, जीवन ज्योति फाउंडेशन, हिंदुस्तान स्काउट एंड गाइड के सदस्यों ने चीनी प्रधानमंत्री का पुतला जलाया और चीनी सामान का बहिष्कार करने का संकल्प किया।
सोनीपत: विहिप कार्यकर्ता ने फंदे पर चीन के राष्ट्रपति का पुतला टांगकर जताया रोष
पूर्वी लद्दाख स्थित गलवां घाटी में भारतीय सैनिकों पर चीन के हमले के विरोध में विहिप ने बुधवार को सुभाष चौक पर चीन के राष्ट्रपति का पुतला फांसी के फंदे पर टांगकर रोष व्याप्त किया। विश्व हिंदू परिषद के विभाग मंत्री आदित्य रोहिला ने बताया कि एक सप्ताह पहले चीनी सैन्य अधिकारी हमारे देश के अधिकारियों के साथ फ्लैग मीटिंग करते हैं। इसके बाद वह हमारी सेना पर हमला करते हैं।
उन्होंने कहा कि चीन का यह रवैया आज भी नहीं बदला है। ऐसे में अब सरकार को चीनी व्यापार बंद कर देना चाहिए। जिससे चीन आर्थिक रूप से कमजोर हो जाए और दोबारा से ऐसी कायराना हरकत करने से पहले कई बार सोचें। इस दौरान सुभाष गुप्ता, विकास मंगला, लाजपत व विनोद गुप्ता समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।