हरियाणा कांग्रेस में वर्चस्व की जंग तेज हो गई है। पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा और कांग्रेस अध्यक्ष अशोक तंवर के बीच शह और मात का जबरदस्त खेल चल रहा है। तंवर के जिला अध्यक्षों और ब्लॉक अध्यक्षों की नियुक्ति की मुहिम तेज करने के बाद हुड्डा खेमे ने उन्हें अध्यक्ष पद से ही हटवाने के लिए कमर कस ली है। बुधवार को हुड्डा खेमे के दलित विधायक नई दिल्ली में हरियाणा प्रभारी कमलनाथ से मिले।
पूर्व सीएम के करीबी पूर्व प्रदेश अध्यक्ष फूल चंद मुलाना के नेतृत्व में विधायक गीता भुक्कल, जयबीर वाल्मीकि, शकुंतला खटक व अन्य ने कमलनाथ से मिलकर तंवर को हटाने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि हरियाणा में भी पंजाब जैसा नेतृत्व होना चाहिए। हुड्डा खेमे के दलित नेताओं ने परोक्ष रूप से कांग्रेस प्रभारी को इस बात के संकेत दे दिए हैं कि अगर हाईकमान प्रदेश कांग्रेस की कमान किसी दलित को देना चाहती है तो उसमें भी हुड्डा खेमे के नेताओं को मौका दिया जाए।
मुलाना ने कहा कि हरियाणा में अब बदलाव का समय आ गया है। पंजाब की तर्ज पर कद्दावर नेता को हरियाणा में मजबूत किया जाना चाहिए। अगर हरियाणा कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन नहीं किया गया तो पार्टी को इसका खामियाजा भुगतना पड़ सकता है।