चंडीगढ़। मोहाली में एक जिम की इमारत गिरने से दो लोगों की मौत के मामले में पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने आरोपी को अंतरिम राहत देते हुए ट्रायल कोर्ट की आगे की कार्यवाही पर रोक लगा दी है। साथ ही चार्जशीट व इसके आधार पर आरोप तय करने की कार्यवाही रद्द करने की मांग पर पंजाब सरकार को नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। परविंदर सिंह ने मोहाली के सोहाना थाने में 21 दिसंबर 2024 को दर्ज एफआईआर में 8 मई 2025 को दाखिल चार्जशीट व इसके आधार पर आरोप तय करने के आदेश को रद्द करने की मांग की है। एफआईआर में आरोप है निकट के प्लाॅट में बेसमेंट की खुदाई के दौरान पर्याप्त सावधानी नहीं बरती गई। इस कारण भवन की इमारत को नुकसान पहुंचा। याची ने कहा कि कोई भी व्यक्ति जानबूझकर अपनी ही इमारत को गिराने जैसा आत्मघाती कदम नहीं उठाएगा। याची ने बताया कि जिस इमारत को नुकसान हुआ, याची का जिम था और वही उनके परिवार की आजीविका का साधन था। इस घटना में उन्हें लगभग 60 लाख रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है।
याची ने नगर निगम को पहले ही सीवरेज पाइपों की मरम्मत और लीकेज को लेकर कई शिकायतें दी थीं लेकिन निगम की ओर से कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। इसके बावजूद उन्हें और अन्य सह-आरोपियों को अनावश्यक रूप से परेशान किया जा रहा है। याची पक्ष की दलीलें सुनने के बाद हाईकोर्ट ने इस मामले में पंजाब सरकार को नोटिस जारी करते हुए जवाब मांंगा है। इसके साथ ही याचिका लंबित रहते इस केस के ट्रायल पर भी रोक लगा दी है।