पंचायती राज अधिनियम में संशोधन के बाद राज्य निर्वाचन आयोग को प्रदेश सरकार की ओर से स्वीकृति मिल गई है।
चुनाव संबंधी तमाम पहलुओं पर गौर करने के बाद राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से शेड्यूल जारी कर दिए जाएंगे। माना जा रहा है कि पहले की तरह इस बार भी चरणबद्ध तरीके से चुनाव कराए जाएंगे।
इसके लिए तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। इस अधिनियम में संशोधन के बाद चुनाव की तैयारियों में जुटे आयोग के लिए सभी उम्मीदवारों की पात्रता के संबंधित प्रमाण को हासिल करना मुश्किल होगा।
बैंक डिफॉल्टर होने के लिए एनओसी, 10 साल तक आपराधिक मामले में शामिल नहीं होने का साक्ष्य सहित अन्य पहलुओं की भी जांच के लिए वक्त नहीं मिल सकेगा।
इसलिए चुनाव के लिए नामांकन दाखिल करने वालों से शपथ पत्र लेकर इन शर्तों को पूरा करने की पुष्टि की जाएगी। राज्य निर्वाचन आयुक्त राजीव शर्मा के मुताबिक नामांकन के लिए वक्त मिलेगा और इस दौरान जरूरी औपचारिकताएं पूरी की जा सकती हैं।