हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल।
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हरियाणा के निवासियों को हर तरह की संपत्ति की आईडी (पहचान पत्र) दी जाएगी। इसमें सरकारी संपत्ति भी शामिल होगी। सरकारी विभागों की संपत्तियों का स्वामित्व भी पंचायतों व जिला परिषदों से अलग किया जाएगा, जिससे भविष्य में इस तरह की संपत्ति पर किसी तरह का विवाद न हो। विवादास्पद संपत्ति की भी अलग से श्रेणी बनाई जाएगी।
यह बात मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने गुरुवार को यहां हरियाणा लार्ज स्केल मैपिंग प्रोजेक्ट व स्वामित्व योजना को लेकर आयोजित समीक्षा बैठक में कही। उन्होंने कहा कि चकबंदी का कार्य हर 50 साल के बाद दोबारा करने की जरूरत है। चकबंदी कार्य के लिए अलग से काडर बनाया जाएगा। भूमि का मूल्यांकन एकड़ के हिसाब से किया जाए। सरकारी परियोजनाओं के लिए स्वेच्छा से भूमि देने वाले लोगों के लिए ई-भूमि पोर्टल के रूप में एक प्लेटफार्म मुहैया करवाया गया है।
मोरनी में ड्रोन मैपिंग एक माह के अंदर करवाएं : डीसी
मुख्यमंत्री ने पंचकूला के डीसी को निर्देश दिए कि जिले के मोरनी ब्लॉक में ड्रोन मैपिंग का कार्य एक महीने के अंदर पूरा किया जाए। इसके लिए किसी भी किस्म की सहायता की आवश्यकता है तो संबंधित विभाग द्वारा वह तुरंत मुहैया करवाई जाएगी। इस काम के लिए 10 और ड्रोन मुहैया करवाए जाएं ताकि हर जिले में कम से कम एक ड्रोन उपलब्ध हो जाए।
5554 गांव में ड्रोन इमेजिंग का काम पूरा
हरियाणा में कुल 7187 में से 5554 गांवों की ड्रोन आधारित इमेजिंग का काम पूरा हो चुका है। रेवाड़ी में सभी लाल डोरा गांवों की ड्रोन इमेजिंग का काम पूरा हो गया है। भिवानी और महेंद्रगढ़ का प्रदर्शन भी अच्छा है। प्रदेश के 11 जिले जल्द ही लाल डोरा मुक्त हो जाएंगे, जबकि शेष जिलों को लगभग 6 माह तक लाल डोरा मुक्त किया जा सकेगा। इसके अलावा, 345 गांवों को लाल डोरा मुक्त घोषित किया जा चुका है। लाल डोरा क्षेत्रों के लिए 30 मार्च तक 43166 टाइटल डीड पंजीकृत हुए हैं।