उधर, आबकारी एवं कराधान विभाग ने लॉकडाउन के दौरान शराब ठेके खुले रखने का निर्णय लिया है। आबकारी एवं कराधान विभाग होटल व रेस्त्रां के एल-4, एल-5 लाइसेंस का नवीनीकरण करेगा। हालांकि, अगले आदेशों तक बार बंद रहेंगे। अक्टूबर से 31 दिसंबर 2020 व जनवरी से 31 मार्च 2021 तक की अवधि की लाइसेंस फीस जमा कराने वालों को विभाग ने 20 प्रतिशत छूट देने का भी फैसला किया है। यह आदेश जारी होने के दस दिन के भीतर फीस जमा करने वालों को ही छूट का लाभ मिलेगा।
दुकानें बंद करने के विरोध में उतरा व्यापार मंडल
सरकार द्वारा अब सोमवार व मंगलवार को दुकानें बंद के आदेश का हरियाणा व्यापार मंडल ने विरोध जताया है। इस संदर्भ में मंडल की जिला इकाइयां जिला उपायुक्तों के माध्यम से राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपेगे।
हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष व अखिल भारतीय व्यापार मंडल के राष्ट्रीय महासचिव बजरंग गर्ग ने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा शनिवार व रविवार को दुकानें खोलने और उसकी जगह सोमवार व मंगलवार को दुकानें बंद करने का जो फरमान जारी किया है वह व्यापारी विरोधी है। व्यापार मंडल इस फैसले के विरोध में जिला व ब्लॉक स्तर पर जिला उपायुक्त व सरकारी अधिकारी के माध्यम से राज्यपाल के नाम ज्ञापन देंगे।
उन्होंने कहा कि एक सप्ताह में दो दिन दुकानें बंद करने से व्यापारियों को बड़ा भारी नुकसान होगा। जिसे व्यापार मंडल सहन नहीं करेगा। इस फैसले के विरोध में व्यापार मंडल डटकर विरोध करता हुआ सड़कों पर उतरेगा। सरकार ने लॉकडाउन के समय व्यापारियों से बिजली व पानी के बिल व हाउस टैक्स तक लिया। यहां तक की कर्मचारियों की तनख्वाह व बैंकों के ब्याज तक भी व्यापारियों को भुगतना पड़ा।
मगर अब व्यापारी इस स्थिति में नहीं है कि वे बंद दुकानों के बिजली व पानी के बिल कर्मचारियों की तनख्वाह और किराया भर सके। लिहाजा व्यापारियों की हरियाणा सरकार से अपील की है वह अपने इस फैसले को व्यापारी व आम जनता के हित में तुरंत प्रभाव से वापस लेना चाहिए।