पूर्व सांसद व जजपा नेता दुष्यंत चौटाला को हरियाणा सरकार ने तीन सुरक्षा कर्मियों की सुरक्षा उपलब्ध करवाई है। इनमें से एक हवाई यात्रा के दौरान उनके साथ जा सकता है लेकिन उसे हथियार पायलट के पास जमा करवाना होगा। यह जानकारी हरियाणा सरकार ने शुक्रवार को पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में दी। इस पर हाईकोर्ट ने अब केंद्र सरकार से दुष्यंत की सुरक्षा पर जवाब मांग लिया है।
शुक्रवार को सुनवाई आरंभ होते ही हरियाणा सरकार द्वारा उपलब्ध कराई गई सुरक्षा के बारे में जानकारी दी गई। हालांकि हाईकोर्ट को बताया गया कि 3 जवानों की सुरक्षा केवल 24 अक्तूबर तक के लिए ही है। इस पर हाईकोर्ट ने चौटाला को आदेश दिए कि वह सुरक्षा के लिए एक रिप्रजेंटेशन देंगे और हरियाणा सरकार को इस पर एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई करनी होगी।
साथ ही हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार से सुरक्षा को लेकर जवाब मांगा। इस पर हाईकोर्ट को बताया गया कि दुष्यंत की सुरक्षा की समीक्षा की जा रही है। इसके पूरा होने के बाद हाईकोर्ट को इस संबंध में जानकारी दे दी जाएगी। दुष्यंत चौटाला की तरफ से याचिका में बताया गया है कि उनकी तथा उनके परिवार की जान को खतरा है और ऐसे में पुलिस को निर्देश दिए जाएं कि वह पर्याप्त सुरक्षा उपलब्ध कराए।
याचिका में चौटाला ने कहा कि जब वह एक राजनीतिक कार्यक्रम में व्यस्त थे उनके फोन पर एक कॉल आई। इस कॉल को उनके सहायक ने उठाया तो फोन करने वाले ने अपना नाम पवन बताया और कहा कि वह दुबई से फोन कर रहा है।
इसके बाद फोन पर उनके सहायक को धमकी भरे अंदाज में कहा कि चौटाला को कह देना चुनावी रैलियों में ज्यादा न बोलें। यदि बात नहीं मानी गई तो गंभीर परिणाम भुगतने के लिए तैयार हो जाएं। जिस व्यक्ति ने उन्हें कॉल किया था उसने खुद का वास्ता पाब्लो एस्कोबार नाम के गिरोह से बताया था।