जिले में सियासी माहौल गरमाने लगा है। महम से विधायक आनंद सिंह दांगी ने मंगलवार को कांग्रेस पार्टी द्वारा प्रत्याशियों की सूची जारी करने से पहले एसडीएम ऑफिस महम में पहुंचकर नामांकन दाखिल किया। पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा की पत्नी आशा हुड्डा इस मौके पर मौजूद रहीं।
दांगी ने कहा कि, महम से पार्टी का टिकट मेरी जेब में है। वहीं, उनके बेटे बलराज दांगी ने कवरिंग प्रत्याशी के तौर पर नामांकन दाखिल किया, जबकि गढ़ी-सांपला-किलोई हलके से दो निर्दलीय प्रत्याशी रोहतक स्थित माता दरवाजा निवासी अशोक कुमार व सांघी निवासी संजय ने नामांकन भरा है।
जजपा ने राजेश सैनी व संदीप हुड्डा को दिया टिकट
उधर, जजपा ने अपनी तीसरी सूची मंगलवार को जारी कर दी। रोहतक शहर से पार्टी के शहरी अध्यक्ष राजेश सैनी को प्रत्याशी बनाया है। 2002 से 2010 इनेलो यूथ हलका रोहतक के प्रधान रहे। इसके बाद स्टेट के सचिव रहे। 2012 में हलका अध्यक्ष बने। पार्टी के बंटवारे के बाद फिर हलका अध्यक्ष बन गए। उनका यह पहला चुनाव होगा। उधर, चमारिया गांव के पूर्व सरपंच संदीप हुड्डा एवं हलका अध्यक्ष संदीप हुड्डा को पार्टी ने गढ़ी-सांपला हलके से मैदान में उतारा है।
53 लाख संपत्ति के मालिक दांगी, सफारी का शौक
महम से निवर्तमान विधायक आनंद सिंह दांगी को सफारी का शौक है। 2005 में भी उनके पास सफारी गाड़ी थी, जबकि अब 2019 में भी नामांकन दाखिल करते समय अपने पास सफारी गाड़ी भी दर्शाई है। इसके अलावा उनके पास 53 लाख की चल-अचल संपत्ति है। साथ ही उनकी पत्नी के पास 39 लाख की चल व अचल संपत्ति है। हालांकि दांगी ने विधानसभा से 10 लाख रुपये का लोन मकान और सात लाख वाहन के लिए ले रखा है।
1. टिकट मेरी जेब में : दांगी
कांग्रेस की तरफ से अभी प्रत्याशियों की घोषणा नहीं की गई है। बावजूद इसके मंगलवार को महम जीत की हैट्रिक लगाकर चार बार विधायक बन चुके आनंद सिंह दांगी ने नामांकन दाखिल किया। पूछने पर दांगी ने कहा कि, टिकट मेरी जेब में है। हम तो दूसरों को दिलवाने वालों में हैं। नामांकन फार्म भरने के बाद महम के खेल स्टेडियम में उन्होंने अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए मौजूदा सरकार पर जमकर कटाक्ष किए।
2. दांगी मेरा भाई, झोली फैला मांगूंगी वोट
उधर, पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा की पत्नी आशा हुड्डा दांगी का नामांकन कराने के लिए महम पहुंची। सवाल पूछने पर आशा हुड्डा ने कहा कि मौजूदा सरकार तीन बार प्रदेश को आग में झोंकी चुकी है। इस सरकार को चलते करने का समय आ गया है। दांगी मेरा भाई है, जिसके लिए मैं झोली फैलाकर वोट मांगूंगी।