पंचकूला जिले में मतदाताओं की संख्या सात महीने में ही सात हजार से ज्यादा बढ़ गई है। ये हम नहीं कह रहे हैं, बल्कि प्रशासनिक आंकड़ा बता रहा है। पंचकूला में लोकसभा और विधानसभा चुनाव के अंतराल में इलेक्शन पॉपुलेशन में एक प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई है। वर्तमान में पंचकूला की कुल जनसंख्या 6 लाख 36 हजार 399 है। इसमें से 3 लाख 83 हजार 226 वोटर हैं।
1 जनवरी 2019 को जब इलेक्ट्रोल रोल किया गया था तब वोटर्स की कुल संख्या करीब 3 लाख 76 हजार 187 थी । लोकसभा से विधानसभा के दौरान 7 हजार 39 वोटर्स की वृद्धि हुई है। 18 से 19 वर्ष के कुल 8 हजार 423 वोटर्स हैं, जो पहली बार अपने मताधिकार का प्रयोग इस बार विधानसभा चुनाव में करेंगे।
वहीं, 100 वर्ष या इससे अधिक के आयु के कालका में 66 व पंचकूला में 39 वोटर्स हैं । जिला प्रशासन से जारी आंकड़ों की मानें तो जनसंख्या में इलेक्ट्रोल का अनुपात 602 है । वहीं, जिले में दिव्यांग मतदाताओं की संख्या कुल 2 हजार 358 है। जबकि कालका में 335 व पंचकूल में 376 सर्विस वोटर हैं।
एक नजर में समझें
- कंट्रोल यूनिट कालका में 277, पंचकूला में 257
- बैलेट यूनिट कालका में 554, पंचकूला में 514
- कालका में वीवीपेट 298, पंचकूला में 274
- कालका में 213, पंचकूला में 197 पोलिंग बूथ
- 21 कालका व 65 पंचकूला में अत्यधिक संवेदनशील बूथ
नेशनल गोल्ड मेडल विजेता प्रियंका हैं प्रचार अंबेसडर
उपायुक्त मुकेश कुमार ने बताया कि वोटरों को जागरूक करने के लिए अधिक से अधिक स्वीप गतिविधियों चलाई जा रही हैं। इसके लिए दो वैन ईवीएम, वीवीपेट, पोलिंग से संबंधित सारी सामग्री से सुसज्जित पूरे विधानसभा क्षेत्र में प्रचार व प्रसार कर रही हैं। इसी प्रकार राष्ट्रीय गोल्ड मेडल विजेता खिलाड़ी प्रियंका को मतदताओं को जागरूक करने के लिए पंचकूला का अंबेसडर बनाए गया है। पंचकूला में जो साइकल शेयरिंग प्रोजेक्ट चलाया गया है, उसका भी इस्तेमाल चुनाव जागरूकता में किया जा रहा है।
सुरक्षा का खाका तैयार, किलेबंदी की तैयारी
हरियाणा विधानसभा चुनाव-2019 का बिगुल बज चुका है। प्रशासन के साथ पार्टी प्रत्याशियों ने भी कमर कस ली है। पुलिस और प्रशासन जिले में शांतिपूर्ण माहौल में चुनाव संपन्न करवाने की तैयारी को अंतिम रूप देने में जुटा है। प्रशासन ने जहां चुनावी ब्लयू प्रिंट तैयार कर लिया है, वहीं पुलिस के आलाधिकारियों ने सुरक्षा का खाका तैयार कर लिया है।
जिले की ऐसी घेराबंदी करने की तैयारी है कि शरारती तत्व क्या परिंदा भी पर नहीं मार पाएगा। इसका जीता-जागता परिणाम नामांकन को लेकर जिला लघु सचिवालय की सुरक्षा घेरे से सहज लगाया जा सकता है। जब विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर जिला निर्वाचन अधिकारी एवं पंचकूला उपायुक्त मुकेश कुमार आहूजा से बात की गई तो उन्होंने कहा कि वह जिले में निष्पक्ष व शांतिमय चुनाव करवाने के लिए वचनबद्ध हैं।
इस मामले में किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि चुनाव को लेकर पीठासीन अधिकारियों को भी पायलट रिहर्सल के दौरान ट्रेनिंग दी जा चुकी है। चुनाव प्रचार के दौरान प्रत्याशियों द्वारा किए जाने वाले खर्च पर पैनी नजर रखने के लिए भी टीमों को फील्ड में उतारा जा चुका है। इसके अलावा अवैध शराब और नकदी समेत अन्य प्रतिबंधित सामग्री पर नजर रखने के लिए जिले के चौतरफा चुनावी नाका लगाया जा रहा है।