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'सत्ता सुख चाहिए तो मोदी-मोदी कर भाजपा में आइए'

Mon, 25 Aug 2014 01:21 PM IST
विजय गुप्ता/अमर उजाला, चंडीगढ़
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ज्यादातर उम्मीदवारों के नाम और चुनाव घोषणा पत्र जारी करने वाला इनेलो में नेताओं का पार्टी को अलविदा कहने का सिलसिला थम नहीं रहा है। अब तक  विधायकों समेत दर्जन भर नेता इनेलो को छोड़कर दूसरे दलों का दामन थाम चुके हैं।
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शनिवार को भी यह सिलसिला जारी रहा। इनेलो के लिए यह संकट इसीलिए ज्यादा गंभीर है क्योंकि पार्टी पहले ही शीर्ष नेतृत्व की कमी से जूझ रही है।

ओम प्रकाश चौटाला और अजय चौटाला अदालती पचड़ों में फंसे हैं। अब चुनावी जंग से ठीक पहले पार्टी नेताओं के दूसरे दलों का दामन थामने से इनेलो परेशान है।

इनेलो से नेता असंतुष्ट, कई कारण बताए

दरअसल पार्टी में इस असंतोष के कई कारण बताए जा रहे हैं। एक तो पिछले विधानसभा चुनाव में पार्टी की कमान चौधरी ओम प्रकाश चौटाला और डॉ अजय चौटाला के पास थी। लेकिन मौजूदा समय दोनो नेता कानूनी पचड़े में फंसे हुए हैं।

अब पार्टी की कमान अभय चौटाला के हाथों में है। युवा विंग की कमान दुष्यंत चौटाला के पास जरूर है। असंतुष्ट नेताओं की शिकायत रही है कि पार्टी में अभय चौटाला गुट के हावी होने के कारण चौधरी ओम प्रकाश चौटाला और अजय चौटाला के समर्थकों की घोर उपेक्षा हो रही है।

इसी के चलते न सिर्फ पार्टी के अंदर असंतोष व्याप्त है बल्कि असंतुष्टों की संख्या बढ़ रही है। हालांकि पार्टी का दावा है विधानसभा चुनाव के प्रत्याशियों का चयन और टिकट वितरण चौधरी ओम प्रकाश और अजय चौटाला की देखरेख में हो रहा है।

भाजपा की बढ़ती ताकत एक कारण

इसके अलावा दूसरा कारण प्रदेश में भाजपा की बढ़ती ताकत भी है। उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर कांड के बाद जाट समुदाय का झुकाव भाजपा की ओर हुआ है।

असंतुष्ट नेताओं को लग रहा है कि 2014 के लोकसभा चुनाव की तरह ही हरियाणा के विधानसभा चुनाव में भी मोदी का जादू मतदाताओं के सिर चढ़कर बोल सकता है। इसीलिए वे भाजपा की ओर हाथ बढ़ा रहे हैं।

वैसे पांच साल पहले के विधानसभा चुनाव में भी इनेलो के संपत सिंह, सुशील सिंह, सुशील इंदौरा, बहादुर सिंह, विधायक रंगा जैसे दिग्गजों ने पार्टी छोड़ दी थी।

इस बार यह संख्या कहीं ज्यादा है। अब तक पार्टी छोड़ने वालों में मौजूदा विधायक, पूर्व विधायक, जिलाध्यक्ष, पार्षद सहित पार्टी के वरिष्ठ नेता शामिल हैं।
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इस-इस ने छोड़ा इनेलो का दामन

इनेलो का दामन छोड़ने वालो में पूर्व विधायक बलवंत सिंह और फूल सिंह भी हैं। वे टिकट न मिलने से नाराज थे। इसके अलावा पूर्व विधायक कृष्ण कंबोज, पलवल से वरिष्ठ नेता डॉ राजेंद्र रावत, पूर्व युवा इनेलो प्रदेश अध्यक्ष बलदेव अलावल, युवा इनेलो के पूर्व प्रदेश सचिव अवतार सिंह, पूर्व सरपंच सतबीर सिंह, जिला सचिव यशपाल राणा, पार्षद गुरदेव सिंह सैनी व पवन बेनीवाल के अलावा राजीव गुप्ता और सतपाल सिंह चौहान आदि पार्टी छोड़ चुके हैं।
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