हरियाणा रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (हरेरा) ने टाउन ऐंड कंट्री प्लानिंग विभाग को पांच अगस्त तक साइट प्लान व जोनिंग प्लान का नक्शा जमा करने के निर्देश दिए है। ऐसे में अब पार्श्वनाथ सिटी में बसने का सपना देखने वाले 700 आवंटियों को प्लॉट पर कब्जा मिलने की उम्मीद है। हरेरा के आदेश के बाद कंपनी हरकत में आई है। कंपनी के निदेशक व महाप्रबंधक ने बायर्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों के साथ दिल्ली में हुई बैठक में अगस्त महीने के अंत तक आवंटियों को प्लॉट पर कब्जा देने का भरोसा दिया है।
वहीं, एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने आवंटियों के साथ रविवार को कार्यालय पर बैठक कर प्लॉट पर कब्जा मिलने में जल्दी कराने के लिए कपिलपुरी महाराज व सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर का आभार जताया। बता दें हुडा के सेक्टर 33 व 33ए में पार्श्वनाथ सिटी में 700 लोगों ने प्लॉट खरीदे थे। इन प्लॉटों की साइज 215 गज से लेकर 400 गज तक की है। अक्तूबर 2006 से हुई बुकिंग में बिल्डर की ओर से आवंटियों को भरोसा दिया गया था कि वह अपने प्रोजेक्ट में छह माह तक प्लॉट पर कब्ज देंगे।
बायर एसोसिएशन के प्रधान परमिंदर सिंह ने बताया कि सभी आवंटियों ने बिल्डर को प्लॉट के मूल्य का 90 प्रतिशत जमा कर दिया है। इसके अलावा ईडीसी चार्ज भी पूरा जमा किया जा चुका है। लेकिन बिल्डर की ओर से ईडीसी चार्ज न जमा करने पर सरकार ने कंपनी के लाइसेंस पर रोक लगा दी थी।