हरियाणा में नौकरी की आयु सीमा 58 से 60 साल करने के कयासों पर वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु की अध्यक्षता में गठित कमेटी कैंची चलाने की तैयारी कर रही है। इस संदर्भ में प्रदेश के मुख्य सचिव से कर्मचारियों का रिकार्ड मांगा गया है। इस मामले में जल्द ही पहली बैठक होने वाली है। हर माह सरकार के पास एक्सटेंशन और रिइंप्लाइमेंट को लेकर हजारों की संख्या में आवेदन पहुंच रहे हैं।
सरकार के समक्ष सभी वर्गों के लिए समान पॉलिसी बनाना आवश्यक हो गया है। वित्त मंत्री ने साफ कर दिया है कि सरकार नौकरियों और रिइंप्लाइमेंट के मामले में मुंह देख कर तिलक नहीं लगाएगी। सरकार की सबके लिए एक ही नीति होगी। इस समय सूबे में करीब डेढ़ लाख युवा नौकरी के इंतजार में हैं। सरकार यदि रिटायरमेंट की आयु सीमा बढ़ाएगी तो युवा वर्ग नाराज होगा।
इसके अलावा विभिन्न तरह के सर्वे में भी जमीनी रिपोर्ट आयु सीमा न बढ़ाए जाने को लेकर है। विभागीय सर्वे में सामने आया है कि राजस्व विभाग में एक व्यक्ति की आयु 75 वर्ष हो चुकी है और उसकी लगातार एक्सटेंशन चल रही है।
अंडर सेक्रेट्री की एक्सटेंशन फाइल खारिज
वित्त मंत्री के पास पहुंची एक अंडर सेक्रेट्री की एक्सटेंशन फाइल वीरवार को खारिज हो गई। यह फाइल सरकार और एफडी के अनुमोदन के बाद पहुंची थी, लेकिन खारिज हो गई। सूत्रों के मुताबिक, अधिकारियों और मंत्रियाें के करीबी सेक्रेट्री साहब अब परेशान हैं।
डॉक्टरों के मामले में दरियादिली
हालांकि डॉक्टरों को इस जद से दूर रखा गया है। डॉक्टरों की रिटायरमेंट एज सरकार पहले ही 58 से 65 कर चुकी है। वीरवार को ईएसआई अस्पतालों में तैनात 234 डाक्टरों को भी यह लाभ दे दिया गया।