हरियाणा के हर जिले में अब हैफेड बाजार खुलेंगे। जहां किसानों के उत्पाद और अन्य रोजमर्रा की चीजों को बेचा जाएगा। इसका मकसद किसानों की आय को बढ़ाना है। हरियाणा के सहकारिता मंत्री डॉ. बनवारी लाल ने कहा कि कृषि उत्पादन क्षेत्र में सहकारिता को बढ़ावा देने और किसानों को फसल का उचित मूल्य दिलाने के उद्देश्य से हैफेड के हर जिले में बाजार खोले जाएंगे।
इन बाजारों में डेयरी के उत्पाद के साथ-साथ हैफेड द्वारा रोजमर्रा में उपयोग होने वाली वस्तुओं को रखा जाएगा। इसके अलावा, वीटा के बूथों की संख्या बढ़ाने के लिए प्रदेश के सभी उपायुक्तों को लिखा गया है और इन बूथों पर न केवल दूध उत्पाद बल्कि सब्जी व फल भी बेचे जाएंगे।
उन्होंने कहा कि सहकारिता के क्षेत्र में कृषि उत्पादों की मार्केटिंग, किसानों के लिए दूध उत्पादन का बाजारीकरण एक आय का अच्छा माध्यम है। उन्होंने बताया कि सहकारिता के आठ फेडरेशन हैं, जोकि विभिन्न माध्यमों से आम आदमी के आय स्त्रोत को बढ़ाने में सहयोग करते हैं।
शुगरफेड के माध्यम से हरियाणा सरकार द्वारा कैथल, पलवल और महम चीनी मिलों में चीनी के साथ-साथ गुड़ व शक्कर बनाने का काम शुरू किया गया है। शाहबाद में एथेनॉल बनाने का कार्य शीघ्र शुरू होगा और कैथल शुगर मिल में भी बाइपिन ब्रिकेटिंग बनाने का कार्य शुरू किया गया है। इसके लिए किसानों से 120 रुपये प्रति क्विंटल पराली खरीदी जाएगी। किसानों को इसका आर्थिक लाभ होगा, वहीं प्रदूषण से भी राहत मिलेगी।