राज्य के कैंसर पीड़ित मरीजों को इलाज कराने जाने-आने के लिए हरियाणा रोडवेज की बसों में फ्री यात्रा की सुविधा मुहैया कराई गई है। यह सुविधा प्रदेशभर में एक जनवरी से लागू है और सिविल सर्जन कार्यालय से एक अप्रैल से जरूरतमंदों को आई कार्ड जारी किया जा रहा है।
कैंसर पीड़ित यहां आकर यह कार्ड बनवा सकते हैं। इस पर जीएम रोडवेज के काउंटर साइन भी होंगे। इस योजना के लिए स्वास्थ्य और ट्रांसपोर्ट विभाग के बीच करार हुआ है और नए वित्त वर्ष के लिए प्रदेश सरकार ने पांच करोड़ रुपये मंजूर किए हैं।
ऐसे बनेगा कार्ड
कैंसर पीड़ित मरीजों को बीमारी से संबंधित रिकार्ड सिविल सर्जन कार्यालय में दिखाने होंगे। उसके बाद आई कार्ड जारी किया जाएगा। जिले के सिविल सर्जन कार्यालय में हर शुक्रवार को आई कार्ड बनाए जाएंगे।
इसके लिए कैंसर पीड़ितों को सिविल सर्जन के नाम एक आवेदन करना होगा। साथ ही अस्पताल से जारी ट्रीटमेंट का कार्ड दिखाना होगा।
आवेदन के समय आवेदकों को दो पासपोर्ट साइज या स्टांप साइज फोटोग्राफ, राशन कार्ड, वोटर आईडी, आधार कार्ड या अन्य रेजीडेंस प्रूफ में से किसी एक को साथ लेकर जाना होगा। यह कार्ड एक साल के लिए वैध होगा।
हरियाणा रोडवेज की बसों में कैंसर पीड़ितों को इलाज के दौरान आने-जाने के लिए फ्री बस सुविधा दी जाएगी। इसके लिए एक अप्रैल से नया आई कार्ड जारी किया जा रहा है।
- डा. मनकीरत, डिप्टी सिविल सर्जन, पंचकूला