चंडीगढ़। युवाओं को विदेश भेजने का लालच देकर ठगी करने वाली रश्मि नेगी के खिलाफ चार और लोगों ने शिकायत दी है। आरोप है कि रश्मि ने इनसे 61 लाख 50 हजार रुपये ठग लिए। सेक्टर-34 थाने में केस दर्ज किया गया है। दूसरी ओर, आर्थिक अपराध शाखा ने शुक्रवार को रश्मि को जिला अदालत में पेश कर चार दिन का और रिमांड हासिल किया है। रश्मि और उसके साथी सुरेश से ईओडब्ल्यू पूछताछ में जुटी है। दोनों 3 फरवरी तक पुलिस रिमांड पर रहेंगे।
खन्ना (लुधियाना) निवासी योगराज ने बताया कि फेसबुक पर उसका संपर्क रश्मि से हुआ था। पत्नी दलजीत कौर को ऑस्ट्रेलिया भेजने के लिए उन्होंने 14 अगस्त 2019 को रश्मि को जरूरी कागजात दे दिए। अगले दिन व्हाट्सएप पर वीजा भेजकर इसके एवज में 15 लाख 50 हजार रुपये ले लिए। रश्मि ने कहा कि पहले थाईलैंड जाना होगा, वहां एंडी नामक शख्स मिलेगा। उसके कहने पर वह 6 सितंबर 2019 को थाईलैंड पहुंच गए। वहां एक शख्स मिला लेकिन वह दस दिन तक उन्हें वहीं घुमाता रहा। इससे परेशान होकर वह अपने पैसों से टिकट लेकर ऑस्ट्रेलिया पहुंच गए। लेकिन एयरपोर्ट के अधिकारियों ने कहा कि उनका वीजा फर्जी है। रश्मि नेगी से संपर्क कर इसके बारे में बताया तो उसने भरोसा दिया कि थोड़ी देर में एक शख्स उनकी मदद करने आएगा। कुछ देर बाद एक युवक आया और उन्हें अगवा करने की कोशिश की लेकिन एयरपोर्ट में घुसकर उन्होंने अपनी जान बचाई। इसके बाद उनके पिता ने एयर टिकट बुक करके उन्हें भारत वापस बुलाया।
विदेश भेजने के नाम पर यूं की गई ठगी
मनिंदर सिंह ने पुलिस को बताया कि वह पंजाब के मलोट का निवासी है। आरोप है कि सेक्टर-34 स्थित वर्ल्डवाइज सर्विस इमीग्रेशन से रश्मि नेगी से ऑस्ट्रेेलिया का वीजा लगवाया था। इसके एवज में उसने तीस लाख रुपये दिए थेे लेकिन बदले में उसे फर्जी वीजा दिया गया। रश्मि के पास उनका पासपोर्ट भी है, जो उन्हें वापस नहीं किया जा रहा है। आरोप है कि रश्मि को कई बार फोन कर पैसे वापस मांगे लेकिन वह गोलमोल जवाब दे रही है। इसी तरह सेक्टर-26 के रहने वाले अमित ने बताया कि पुर्तगाल का स्टडी वीजा लगवाने के लिए रश्मि को 1 फरवरी 2020 को 26 हजार और 9 मार्च 2020 को 30 हजार रुपये दिए थे। वहीं फिरोजपुर के सुज्जल को विदेश भेजने के नाम 15 लाख रुपये की ठगी की गई।