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चंडीगढ़: पहली बार ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से हो रहा इलाज

Sun, 19 Apr 2020 03:37 PM IST
पंचकुला ब्‍यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
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चंडीगढ़ पुलिस - फोटो : अमर उजाला
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कोरोना वायरस संक्रमण से बचने को लेकर पुलिस विभाग चौकन्ना हो गया है। यूटी पुलिस विभाग ने पहली बार ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों की तबीयत बिगड़ने पर हाई टेक्निक से इलाज का इंतजाम किया है।

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अगर पुलिसकर्मियों की सेहत में ज्यादा दिक्कत आती है, तो वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर डॉक्टरों की परामर्श से उन्हें अस्पताल में भर्ती करवाया जाता है। ड्यूटी पर पुलिसकर्मियों के लिए टेलीमेडिसिन के साथ स्वास्थ्य निगरानी रखी जा रही है।

एसपी (हेडक्वार्टर) मनोज कुमार मीणा की अगुवाई में बुखार, खांसी, जुकाम सहित अन्य लक्षणों की निगरानी को लेकर सेक्टर 26 पुलिस लाइन के डॉक्टरों की मदद से एक टीम का गठन किया गया है। यह टीम ड्यूटी पर तैनात किसी भी पुलिसकर्मी में जुकाम, खांसी, बुखार समेत अन्य लक्षण होने पर तुरंत इलाज करेगी।

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अगर इस दौरान किसी भी पुलिसकर्मी को ज्यादा परेशानी है तो वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से डॉक्टर के साथ तत्काल परामर्श मिलेगा। एप के माध्यम से दवाओं के प्रिस्क्रिप्शन और निर्धारित दवाओं को दिए जाने के लिए वाहन में रखा गया है। यदि डॉक्टर सिफारिश करते हैं तो पुलिसकर्मियों को आगे के परीक्षण के लिए अस्पताल भेजा जाता है।

यूटी पुलिस ने पुलिसकर्मियों के स्वास्थ्य की चिंता करते हुए इसे नियमित रूप से शुरू कर दिया है। अब तक शहर के अलग-अलग जगहों पर ड्यूटी दे रहे हैं करीब 190 कर्मियों की जांच की गई है।

इसलिए किया गया शुरू
पुलिस के उच्चाधिकारियों के अनुसार, कोरोना वायरस संक्रमण फैलने की वजह से लगभग सभी हॉस्पिटल में काफी भीड़ है। वहां पर सभी तरीके के मरीज आ रहे हैं। प्राथमिकता है कि हॉस्पिटल में ज्यादा लोग जाने से बचें। ऐसे में इस काम को शुरू करने का उद्देश्य था कि पुलिसकर्मियों को भी हॉस्पिटल जाने की जरूरत ज्यादा न पड़े।

स्वास्थ्य की जांच चल रही
बता दें कि शहर में कर्फ्यू लगने के कारण सभी बॉर्डर एरिया समेत अन्य जगहों पर पुलिस की काफी मुस्तैदी है। ऐसे में पुलिसकर्मियों की कई बार पब्लिक डीलिंग होती है। इस दौरान लोगों से मिलना-जुलना भी पड़ता है। इसके चलते पुलिस विभाग मुलाजिमों की डॉक्टरी जांच की जा रही है।

मुलाजिमों की डॉक्टरी जांच के लिए टीम का गठन किया गया है। अगर किसी मुलाजिम की सेहत ज्यादा खराब होती है तो वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर टेलीमेडिसिन की मदद से मुलाजिमों का इलाज करवाया जा रहा है। -मनोज कुमार मीणा, एसपी हेडक्वार्टर चंडीगढ़।
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