अब जनरल हाउसिंग, इंपालाइज सकीम और अन्य कैटेगरी के तहत अलाट हुए फ्लैट धारक अपने यहां के बरामदें और बालकानी में ग्रिल लगा सकते हैं। सीएचबी ने लोगों की मांग पर बुधवार को यह राहत दी है। सीएचबी ने हर फ्लैट धारक को इसके लिए 5 हजार रुपये की फीस तय की है। मालूम हो कि इससे पहले बोर्ड ने पुनर्वास योजना के तहत बने फ्लैट्स को भी अपनी बालकानी में ग्रिल लगाने की मंजूरी दी थी लेकिन इस पर प्रशासन के वास्तुकार विभाग ने मंजूरी नहीं दी है।
सीएचबी चेयरमैन मनिंदर सिंह बैंस का कहना है कि फ्लैट् धारक और अलाटी काफी लंबे समय से ग्रिल लगाने की मंजूरी देने की बात कर रहे थे। उनका कहना है कि ग्रिल का स्टैंड्ट साइज सीएचबी की वेबसाइट पर डाउनलोड कर दिया गया है। स्टैंडट साइज की ड्राइंग भी वेबसाइट पर है। इसका फायदा यह भी होगा एक ही साइज और डिजाइन की ग्रिल सभी बालकानियों और बरामदों में लग जाएगी।