चंडीगढ़। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट परिसर में एक ठेकेदार की ओर से पांच हजार लीटर पानी की 12 टंकियों पर नकली स्टीकर लगाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि ठेकेदार ने डुप्लीकेट वाटर टैंक लगाए हैं। इसके बाद डिप्लास्ट कंपनी के प्रबंध निदेशक सेक्टर-28 निवासी अशोक कुमार ने निजी ठेकेदार शलिंदर कुमार के खिलाफ मामला दर्ज करवाने के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाया। अदालत के आदेश पर सेक्टर 3 थाना पुलिस ने केस दर्ज किया। शिकायतकर्ता के मुताबिक हाईकोर्ट परिसर में 5 हजार लीटर के पानी के 12 टैंक लगाने के लिए चंडीगढ़ सेहत विभाग को लिखा गया था। जून 2022 में विभाग ने ठेकेदार शलिंदर कुमार से संपर्क कर डिप्लास्ट कंपनी की पांच-पांच हजार लीटर की 12 टंकी लगवा दी। आरोप के मुताबिक टैंकों पर डिप्लास्ट का नकली/डुप्लीकेट लेबल चिपकाया गया था। हाईकोर्ट ने कंपनी के अधिकारी को बुलाकर पानी के टैंक की जांच करवाई थी तो पता चला कि टैंक नकली हैं। उनकी कंपनी दो हजार लीटर से ज्यादा के टैंक नहीं बनाती है।
डिप्लास्ट कंपनी के अशोक कुमार ने जुलाई 2022 में ठेकेदार के खिलाफ मामला दर्ज करने के लिए पब्लिक विंडो पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार को भेजी थी। हाईकोर्ट ने मामले की जांच और सुनवाई करने के बाद प्राइवेट ठेकेदार के खिलाफ मामला दर्ज करने के आदेश दिए थे। इसके बाद सेक्टर 3 थाना पुलिस ने मामले की जांच कर अशोक कुमार की शिकायत पर ठेकेदार शलिंदर कुमार के खिलाफ ट्रेडमार्क एक्ट की अलग अलग धाराओं में केस दर्ज किया है।