टावर पर चढ़े दोनों टीचरों के पास हाइड्रॉलिक लैडर के जरिये मंगलवार को खाने पीने का सामान पहुंचाया गया। पहले पुलिस जवान खाना लेकर ऊपर जाने लगे तो टीचरों ने कूदने की धमकी दी। जिसके बाद सिर्फ खाने - पीने का सामान ही ऊपर पहुंचाया गया। जिसको उन्होंने अपने पास रख लिया।
नौकरी पाने के लिए पंजाब भवन में मोबाइल टावर पर चढ़े हुए ईटीटी टीचरों को 132 घंटों से ज्यादा हो चुके है। लेकिन अभी भी वो टावर पर चढ़े हुए है और बिना पंजाब सीएम से मिले नीचे आने को तैयार नहीं है। खाना पानी खत्म होने के बाद उनकी तबियत भी खराब होने लगी थी। जिसके बाद मंगलवार दोपहर को उन तक खाना और पीने का पानी पहुंचाया गया। टावर पर चढ़े दीपक और राकेश के साथी उनके लिए खाने और पीने का पानी व अन्य सामान लेकर पहुंचे।
पहले फायर ब्रिगेड और पुलिस जवान सामान लेकर खुद हाईड्रॉलिक लैडर से ऊपर जाने लगे। टावर पर बैठे टीचरों ने छलांग मारने की धमकी दी। इसके बाद खाना और पीने का सामान बैग में डालकर फायर बिग्रेड की हाईड्रॉलिक लैडर से ऊपर पहुंचाया गया। पुलिस ने दोनों से फिर नीचे उतरने के अपील की लेकिन दोनों ने कहा कि जब तक पंजाब मुख्य मंत्री से मीटिंग नहीं होती तब तक वो नीचे नहीं उतरेंगे। वही पंजाब सरकार की तरफ से पांच दिन बीत जाने के बाद भी कोई अधिकारी उन तक नहीं पहुंचा।
पंजाब के रहने वाले राकेश और दीपक अपनी मांगों को लेकर बुधवार रात चंडीगढ़ आए थे। उसी रात करीब तीन बजे दोनों सेक्टर 3 स्थित पंजाब भवन के अंदर मोबाइल टॉवर पर चढ़ गए थे।