चंडीगढ़। बिजली कर्मचारियों व अभियंताओं की राष्ट्रीय समन्वय समिति के आह्वान पर बिजली अमेंडमेंट बिल-2020 के खिलाफ व केंद्र शासित प्रदेशों में बिजली के निजीकरण के खिलाफ कर्मचारियों ने सोमवार को काली पट्टी बांधकर विरोध किया। चंडीगढ़ के बिजली कर्मचारियों ने यूटी पावरमेन यूनियन के बैनर तले विरोध जताया।
बिजली कर्मचारियों ने काले बिल्ले लगाकर काम किया। कार्यालयों में विरोध के दौरान कर्मचारियों ने सरकार की गाइडलाइन व शारीरिक दूरी के नियमों का पालन किया। यूटी पावरमेन यूनियन चंडीगढ़ के महासचिव गोपाल दत्त जोशी, कार्यकारी प्रधान ध्यान सिंह, अमरीक सिंह, राजपाल, दर्शन सिंह, कश्मीर सिंह, गुरमीत सिंह, परमजीत सिंह, दलेर सिंह, सुखविंदर सिंह, टेकराज, हरजिंदर सिंह, मंगल सिंह, रणजीत सिंह, नरेंद्र कुमार, तिलक राज, अमित दिगरा, स्वर्ण सिंह आदि ने निजीकरण के फैसले की आलोचना की। यूनियन के नेताओं ने कहा कि केंद्र सरकार और चंडीगढ़ प्रशासन उस समय यह फैसला ले रहा है, जब सारा देश कोरोना महामारी के खिलाफ लड़ाई लड़ रहा है। बिजली कर्मचारी व इंजीनियर अगली कतार में खड़े होकर अपनी जान जोखिम में डालकर बिजली आपूर्ति व रखरखाव का काम कर रहे हैं।