चंडीगढ़। शिक्षा विभाग की ओर से ईडब्ल्यूएस और डिसएडवांटेज ग्रुप से संबंध रखने वाले विद्यार्थियों के लिए दाखिला प्रक्रिया 3 जनवरी से शुरू की गई थी। विभाग को 5 मार्च तक शहर के 66 निजी स्कूलों की 894 एंट्री क्लास की सीटों पर कुल 3010 आवेदन मिले हैं। विभाग की ओर से एंट्री क्लास दाखिले में ड्रा प्रक्रिया का आयोजन शुक्रवार शाम 4 बजे किया जाएगा। विद्यार्थी का ड्रा विकल्प में दिए गए संबंधित स्कूल में ही आयोजित होगा। इसके लिए अभिभावकों को संबंधित स्कूल की ओर से एसएमएस के जरिए संदेश भेजा गया है। ड्रा में नाम आने के बाद 17 मार्च तक कागजात जमा करवाने होंगे, अन्यथा दाखिला रद्द हो जाएगा।
शिक्षा विभाग ने जिन बच्चों के अभिभावकों की सालाना आय डेढ़ लाख से कम है, उन्हें ईडब्ल्यूएस श्रेणी में शामिल किया था। इसके लिए माता या पिता का उपायुक्त की ओर से जारी किया गया आय प्रमाणपत्र उम्मीदवार के दस्तावेजों के साथ जमा करवाना अनिवार्य है। वहीं, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग की श्रेणी में अनुसूचित जाति के लिए उपायुक्त/एसडीएम/तहसीलदार की ओर से अनुसूचित जाति प्रमाणपत्र जारी किया होना चाहिए। इसके अलावा अनाथ बच्चे को भी इस श्रेणी में शामिल किया जाएगा।
छात्रों को नजदीकी 10 स्कूलों का दिया गया है विकल्प
छात्रों को दाखिले के लिए नजदीकी 10 स्कूलों का विकल्प दिया गया था। हर निजी स्कूल में 25 प्रतिशत सीटें ईडब्ल्यूएस श्रेणी के लिए आरक्षित हैं। दाखिले के लिए उम्मीदवार को जन्म प्रमाणपत्र या आधार कार्ड, आवासीय प्रमाणपत्र, आय प्रमाणपत्र अपलोड करने थे। अगर दस्तावेजों में कोई त्रुटि पाई जाती है तो दाखिला रद्द किया जा सकता है। उम्मीदवार को घर के नजदीकी पहले एक किमी, इसके बाद एक से तीन किमी के बीच और तीन किमी से ज्यादा के आधार पर ऑनलाइन खाली सीटों के आधार पर स्कूल अलॉट होगा। एनआईसी सॉफ्टवेयर के जरिए यह व्यवस्था स्वचालित कर दी गई है। इसमें अब बाहरी किसी व्यक्ति की कोई भूमिका शामिल नहीं रहेगी।