पंजाब विश्वविद्यालय के एनएसयूआई अध्यक्ष निखिल नरमेटा ने आरबीआई को मेल भेजी है। साथ ही वहां से आरबीआई का जवाब भी मिला है। आरबीआई से मांग की गई थी कि एजुकेशन लोन पर विद्यार्थियों से ब्याज न वसूला जाए। वहीं आरबीआई ने कहा कि शिकायत दर्ज कर ली गई है। इस पर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
एनएसयूआई अध्यक्ष निखिल नरमेटा ने अपनी मेल में कहा है कि चंडीगढ़, पंजाब, हरियाणा समेत कई राज्यों के विद्यार्थी पीयू में पढ़ते हैं। गरीब परिवारों के विद्यार्थी एजुकेशन लोन के जरिए आगे बढ़ रहे हैं। वर्तमान में कोरोना के कारण इन परिवारों पर वैसे ही आर्थिक भार पड़ रहा है।
परिवार का पालन-पोषण भी महंगा साबित हो रहा है। ऐसे में विद्यार्थी एजुकेशन लोन पर ब्याज चुकाने में असमर्थ हैं। ऐसी स्थिति में अप्रैल, मई व जून माह का ब्याज एजुकेशन लोन पर न लिया जाए। यदि ऐसा किया जाता है तो लाखों विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा।
आरबीआई के आदेश दूसरे बैंक भी मानेंगे
आरबीआई यदि निर्णय लेगी तो यह आदेश अन्य बैंक भी मानेंगे और युवाओं को राहत मिलेगी। आरबीआई ने मेल के बाद जवाब दिया है। कहा है कि इस मामले पर जल्द ही कुछ कार्रवाई की जाएगी। जानकारों का कहना है कि यदि ऐसा हुआ तो देशभर के युवाओं के लिए अच्छी खबर होगी। करोड़ों स्टूडेंट्स एजुकेशन लोन के जरिए पढ़ाई कर रहे हैं।