विभागों में शिकायतों को किस कदर लटकाया जा रहा है, इसका उदाहरण इस मामले से देखा जा सकता है। साहिल नाम के एक शिकायतकर्ता की शिकायत छह माह से पेंडिंग थी। जिसके चलते इस शिकायतकर्ता ने सीएम को ट्वीट कर लिखा कि उनसे दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम के पोर्टल पर शिकायत की थी।
मगर बिना शिकायत निस्तारण के चार बार उसकी शिकायत क्लोज कर दी गई। उसके बाद मैंने फिजिकली शिकायत भी दी। फिर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। मुझे लग रहा है कि मीटर रीडर और जेई द्वारा मुझ पर रिश्वत देने का दबाव बनाया जा रहा है। इस ट्वीट के बाद सीएम के ग्रीवेंसिस सेल ने तुरंत इस शिकायत पर संज्ञान लिया और एक ही दिन में साहिल की समस्या का हल करवाया गया। जिस पर साहिल ने फिर से ट्वीट कर सीएम का धन्यवाद किया।