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हरियाणाः ओवरटाइम के 130 करोड़ बचाने के चक्कर में रोडवेज को लगी करोड़ों की चपत

Fri, 30 Nov 2018 12:26 AM IST
यशपाल शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़
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रोडवेज - फोटो : अमर उजाला
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हरियाणा परिवहन विभाग की पटरी से उतरी गाड़ी वापस ट्रैक पर नहीं लौट रही है। रोडवेज की 18 दिन की हड़ताल के बाद विभाग की ओर से लिए फैसले उस पर भारी पड़ रहे हैं। 130 करोड़ रुपये का ओवरटाइम बचाने के चक्कर में विभाग को रोजाना करोड़ों की चपत लग रही है। 15 नवंबर को परिवहन विभाग ने चालकों-परिचालकों का ओवरटाइम शून्य कर यह राशि बचाने का निर्णय तो ले लिया, लेकिन ग्राउंड पर बिल्कुल भी होमवर्क नहीं किया। जिसका असर यह हुआ कि ड्यूटी रोटेशन सही से तय न हो पाने से बसें 24 डिपो और 13 सब डिपो में प्रति डिपो औसतन दस हजार किलोमीटर सफर रोजाना कम तय कर रही हैं। 

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कैश भी हर डिपो का पांच लाख से बारह लाख रुपये तक के बीच प्रतिदिन कम हो गया है। हर दिन दस से बीस रूट पर बसें नहीं चल रहीं। चालक-परिचालक सुबह डिपो में पहुंच रहे हैं, लेकिन शाम तक उन्हें ड्यूटी ही नहीं मिल रही। डिपो महाप्रबंधक ड्यूटी रोटेशन सही से तैयार ही नहीं कर पाए, जिस कारण लंबे रूट की रात्रि बस सेवा भी कई राज्यों में बाधित चल रही है। 

चंडीगढ़ से दिल्ली के बीच ही चंडीगढ़ डिपो की बसों के 20 चक्कर रोजाना के बंद हो गए हैं। बेड़े की 30 से 35 बसें डिपों में ही खड़ी रह रही हैं। इससे जहां सवारियों को दिक्कत हो रही है, वहीं परिवहन विभाग करोड़ों रुपये का घाटा 15 नवंबर से लेकर अब तक उठा चुका है। डिपो महाप्रबंधकों पर परिवहन मुख्यालय का इतना दबाव है कि कर्मचारियों को छोड़ने के लिए जाने वाली बसों के चक्कर भी कुल किलोमीटर और चालक-परिचालकों के 48 घंटे हर सप्ताह की ड्यूटी में जोड़े जा रहे हैं।

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एसीएस ने कसे महाप्रबंधकों के पेच ए

सीएस परिवहन धनपत सिंह ने गुरुवार को यहां रोडवेज महाप्रबंधकों और वाणिज्य अधिकारियों की बैठक ली। इसमें ओवरटाइम बंद होने के बाद रोडवेज बसों का संचालन सुचारु न होने पर महाप्रबंधकों की खूब क्लास लगी। धनपत सिंह ने पूछा कि अभी तक कर्मचारियों का ड्यूटी रोटेशन हर हफ्ते 48 घंटे ड्यूटी और 1200 किलोमीटर तय करने अनुसार क्यों नहीं बन पाया। इस पर महाप्रबंधकों ने अनेक कारण गिनाए। धनपत सिंह ने कहा कि चालक-परिचालक सरप्लस हैं, उनकी ड्यूटी सही रोटेशन से लगाएं ताकि सभी बसें रूटों पर चलेंगे।

यात्रियों को बड़ा झटका, रात्रि ठहराव व ग्रामीण सेवा बंद
हरियाणा परिवहन विभाग ने रोडवेज बसों का रात्रि ठहराव व ग्रामीण क्षेत्र में रात्रि सेवाएं बंद कर जनता को बड़ा झटका दिया है। परिवहन विभाग की ओर से रात्रि ठहराव बंद करने के मौखिक आदेश जारी किए गए हैं। जिन पर अमल करते हुए डिपो महाप्रबंधकों ने अड्डा इंचार्ज व यातायात निरीक्षकों को रात्रि सेवा व ग्रामीण क्षेत्रों में बसों का ठहराव बंद करने का पत्र जारी कर दिया है। 

इससे रात के समय और सुबह ग्रामीण क्षेत्रों से चलने वाली रोडवेज बसों में यात्रा करने वालों को काफी दिक्कत झेलनी होगी। चूंकि, सुबह के समय रोडवेज की बसें ही जल्दी मुख्य स्टेशनों के लिए गांवों से चलती थी। वाणिज्य अधिकारियों और महाप्रबंधकों की बैठक में 2016 में लगे चालकों की सेवाएं समाप्त करने का मुद्दा भी उठा, लेकिन सहमति नहीं बन पाई।  
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