आरोपियों ने जसबीर सिंह की दाढ़ी पर हाथ डाला और गाली देनी शुरू कर दी। किसी तरह से इलाका निवासी जसबीर गरेवाल को वहां से ले गए। उसके बाद आरोपियों ने उसके बेटे रमनप्रीत सिंह को फोन कर धमकी दी। जब उनका बेटा कुछ समय बाद बेटी की दवाई लेकर घर पहुंचा तो घर के पास ही आरोपियों ने उसकी गाड़ी का घेराव कर लिया और हाथापाई करने लगे।
किसी तरह से रमनप्रीत ने गाड़ी निकाली और घर में दाखिल हुआ। उसके बाद रमनप्रीत का मौसेरा भाई मनिंदरजोत सिंह और उसका दोस्त परमिंदर सिंह घर पहुंचे। वह पुलिस के पास शिकायत करने थाना टिब्बा चले गए। जब वह घर के पास खड़े थे तो आरोपियों ने एकदम से हमला बोल दिया और सीधे गोलियां चलानी शुरू कर दी। लोगों ने भागकर अपनी जान बचाई।
बाहर खड़ी गाड़ियों को आरोपियों ने किया क्षतिग्रस्त
जसबीर सिंह ने बताया कि जब वह जान बचाकर भागे तो आरोपियों ने वहां खड़ी उनकी वरना कार और एक अन्य कार को बुरी तरह से क्षतिग्रस्त कर दिया। उसके बाद आरोपी वहां से भागते हुए इलाके में खड़ी सात गाड़ियों के शीशे तोड़कर बुरी तरह से क्षतिग्रस्त कर फरार हो गए। गोलियां चलने की आवाज दूर तक सुनाई दी। वहां से गुजर रहे लोगों ने भी किसी तरह से जान बचाई। कुछ लोग तो दूर खड़े हो गए जिससे उनका नुकसान न हो सके। इलाका निवासियों ने आरोप लगाया कि पुलिस को तुरंत फोन कर दिया गया था पर पुलिस करीब आधे घंटे बाद पहुंची।
जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल से गोलियों के खोल
सूचना मिलने के बाद ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर (ग्रामीण) रवचरण सिंह बराड़ और कई सीनियर पुलिस अधिकारी पहुंचे। जेसीपी ने पहले पूरी जांच की और जांच के दौरान पुलिस को कई खोल मिले। बताया गया कि यह .30 और 32 बोर के खोल है।
आरोपी अरमान का था जन्मदिन, उसी की दुकान पर काट रहे थे केक
सोमवार को अरमान का जन्मदिन था और उसके दोस्त हुल्लड़बाजी करते हुए उसकी दुकान पर पहुंच गए। वहां पर आरोपियों ने उसके जन्मदिन का केक काटा और उसके बाद पंगा हुआ तो आरोपियों ने ताबड़तोड़ गोलियां चलाई। एडीसीपी जगतप्रीत सिंह ने बताया कि पुलिस ने इस मामले में आरोपी अरमान और दीपक को गिरफ्तार कर लिया है, बाकी आरोपी फरार हैं। जल्द फरार चल रहे आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।