दूसरी ओर जीएमएसएच-16 मोर्चरी के बाहर अमरिंदर और तरनवीर के परिवार, रिश्तेदार और उनके दोस्तों का जमावड़ा लगा था। किसी को यकीन नहीं हो रहा है कि उनके बीच अब दोनों लाडले नहीं रहे। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए।
नहीं मिला मौके से हेलमेट
बताया गया कि हादसा इतना जबरदस्त था कि तरनवीर और अमरिंदर के सिर पर गंभीर चोट लगी थी। जबकि बाइक के पीछे बैठे मनप्रीत के जबड़े के पास चोटें आईं। बाइक पूरी तरह क्षतिग्रस्त थी। पुलिस के अनुसार घटनास्थल से कोई हेलमेट नहीं मिला है।
स्ट्रीट लाइट बंद, घटनास्थल पर था अंधेरा
परिजनों ने बताया कि जिस जगह हादसा हुआ, वहां स्ट्रीट लाइट बंद थी। इस कारण वहां काफी अंधेरा था। कयास लगाया जा रहा है कि किसी वाहन की टक्कर के बाद बाइक बेकाबू हुई और पोल से जा टकराई। पुलिस घटनास्थल और आसपास के चौक पर लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
10 जुलाई को जाना था ओमान
अमरिंदर सिंह घर का इकलौता था। वह नाना-नानी के साथ रहता था। जबकि तरनवीर के एक भाई और एक बहन है। तीनों भाई की सेलेक्शन ओमान में होने वाले भंगड़ा फेस्टिवल में हुई थी। 10 जुलाई को उनकी ओमान की टिकट थी लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। हादसे की खबर सुनकर पूरे परिवार में मातम छाया हुआ है।