विदेश में अस्थाई वर्क वीजा लगवाने के नाम पर महिला से 17 लाख रुपये की ठगी करने का मामला सामने आया है। महिला की शिकायत पर पुलिस ने पंजाब के व्यक्ति पर धोखाधड़ी का केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। मामले में अभी किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
जानकारी के अनुसार सेक्टर 15 निवासी सांची बेदी ने पुलिस में शिकायत दी थी कि पंजाब के होशियारपुर में कालरा स्टडी कंसल्टेंट चलाने वाले तेजिंदर कालरा पर आरोप लगाया कि उन्होंने आस्ट्रेलिया में अस्थाई रेजिडेंसी वर्क वीजा लगवाने के लिए करीब 17 लाख रुपये की ठगी की। पीड़ित महिला सेक्टर आठ में स्टडी वीजा कंसल्टेट कंपनी चलाती है। पीड़ित महिला के अनुसार 2014 में उसकी मुलाकात तेजिंदर कालरा से हुई थी।
उस समय वह आस्ट्रेलिया से लौटा था। कालरा ने बताया था कि उसका मेलबर्न में एक रेस्टोरेंट है। जिसमें वह महिला की बहन को रेस्टोरेंट मैनेजर के तौर पर लगवा देगा। इसके लिए वह स्पांसर्ड इंप्लॉयमेंट वीजा मुहैया करवा देगा। दोनों पक्षों में डील फाइनल होने केबाद पीड़िता ने कालरा को जून 2015 से लेकर अक्तूबर 2015 तक किश्तों में 50 हजार आस्ट्रेलियन डालर दिए।
महिला की शिकायत है कि पैसे लेने केबाद कई महीनों तक कालरा उनको सिर्फ आश्वासन ही देता रहा। लेकिन वीजा नहीं लगवाया। उसके कुछ महीने बाद पता चला कि कालरा अब होशियारपुर में ही रहने लगा है। यहां उसने कालरा स्टडी कंसल्टेंट के नाम से एक कंपनी शुरू कर ली है। उसका आस्ट्रेलिया के रेस्टोरेंट का लाइसेंस भी कैंसल हो गया है।
पीड़िता केअनुसार बाद में कालरा ने उनका फोन भी उठाना बंद कर दिया। जिसके बाद महिला ने उसके खिलाफ पुलिस में ठगी की शिकायत दी। महीला की शिकायत पर आईटी पार्क पुलिस स्टेशन में तेजिंदर कालरा के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।