पीजीआई लाने से पहले महंत की मौत हो गई। पीजीआई में भर्ती बद्री गिरी और चालक हरदीप की हालत गंभीर बताई जा रही है। वारदात की सूचना पर सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। वहीं, सुबह पुलिस अधीक्षक गंगाराम पूनिया स्वयं मौके पर पहुंचे और निरीक्षण किया। फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट, सीआईए टीम, साइबर सेल की टीम जांच में जुट गई है। डॉग स्क्वायड बुलाए गए, लेकिन पुख्ता सबूत हाथ नहीं लग पाया।
कौन है, बोलते ही शुरू कर दी मारपीट
घायल रमेश ने बताया कि सात-आठ युवक मुंह ढके हुए थे। जब वे हाल में घुसे नींद खुल गई। आवाज लगाई कि कौन है तो बदमाशों ने लाठी-डंडों से हमला कर दिया। बाबा भलाई नाथ, बाबा बद्रीनाथ व ड्राइवर हरदीप को लाठी डंडो से पीटा। बाबा बद्रीनाथ और ड्राइवर के हाथ पैर बांध दिए। कहने लगे कि अगर कोई उठा तो जान से मार देंगे। फिर साथ लगते कमरे में बाबा सोमवार गिरी व जितेंद्र गिरी पर हमला किया और लूटपाट की।
कुछ बदमाश रात को मंदिर में महंतों से मारपीट कर कुछ नगदी लेकर फरार हो गए। एक महंत की मौत हो गई। घायलों से पूछताछ कर सभी पहलुओं पर जांच कर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। - गंगाराम पूनिया, पुलिस अधीक्षक