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बेटा बोला- गलत थी मां और जज ने सुना दी फांसी, यूं खेला था खूनी खेल

Tue, 06 Dec 2016 04:34 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, झज्जर(हरियाणा)
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कोर्ट
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कोर्ट में नाबालिग बेटे ने गवाही दी और कुछ ऐसा कहा, जिसे सुनकर सब सन्न रह गए। उसके बाद जज ने मां को फांसी की सजा सुना दी। वहीं, महिल के प्रेमी को उम्रकैद की सजा दी गई है। मामला हरियाणा के झज्जर का है।
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अदालत में जब नाबालिग बेटे ने कहा कि उसने अपनी मां को एक व्यक्ति के साथ आपत्तिजनक हालत में देखा थ। साढ़े तीन वर्ष पूर्व उसकी मां ने अपने अवैध संबंधों के लिए अपने पति की हत्या कर दी थी।

पूर्व प्रेमी के साथ मिलकर पति की हत्या करने वाली दोषी महिला को सेशन जज ने फांसी की सजा सुनाई है। उसके प्रेमी को उम्रकैद मिली है और पांच लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। दोषी महिला के खिलाफ उसी के नाबलिग बेटे ने गवाही दी।
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इस तरह अंजाम दी गई थी वारदात

knife
अभियोजन पक्ष के अनुसार अप्रैल 2013 में गांव गुभाना निवासी सुरेश का शव सड़क किनारे मिला था। करीब 15 दिन बाद सुरेश के परिवार वालों ने पुलिस को सूचना दी कि जिस रात सुरेश घर से गायब हुआ था, उस रात किसी व्यक्ति ने उसे गुभाना गांव के ही सुरेंद्र उर्फ सोनू के साथ जाते हुए देखा था।

सुरेश के परिवार वालों ने बताया कि सुरेंद्र अक्सर सुरेश के घर आता जाता था। उसके सुरेश की पत्नी पुष्पा से अवैध संबंध थे। दोनों फोन पर भी बात करते थे। सुरेश इसका विरोध करता था।

जांच में यह बात पता चली कि सुरेंद्र ने घर से ले जाने के बाद पहले तो सुरेश को शराब पिलाई और जव वह नशे में हो गया तो हत्या कर शव सड़क के किनारे फेंक दिया। पुलिस ने तफ्तीश में मामला 120 बी और 302 का पाया। सुरेंद्र की निशानदेही पर पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त फरसा भी बरामद किया था।

 
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जज ने सजा सुनाते हुए किया कमेंट

कोर्ट - फोटो : डेमो फोटो
कोर्ट में सरकारी वकील के साथ पीड़ित पक्ष का केस लड़ रहे अमर भान दलाल और विनीत बैनीवाल ने बहस के दौरान पक्ष रखा था कि अगर ऐसे ही एक महिला द्वारा किसी के साथ मिलकर अपने पति की हत्या की गई और उसे सख्त सजा नहीं मिली तो सामाजिक ताना-बाना खराब हो जाएगा।

इस पर अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश हरबीर सिंह दहिया की कोर्ट ने सोमवार को मामले में पुष्पा को फांसी की सजा सुनाते हुए कॉमेंट दिया कि अगर एक महिला द्वारा किसी दूसरे पुरुष के साथ मिलकर इस तरह का कदम उठाना बहुत ही जघन्य अपराध है।

ऐसी घटना की पुनरावृत्ति को रोकने के लिए इस तरह की सजा जरूरी है। वहीं पुष्पा के प्रेमी सुरेंद्र को कोर्ट ने उम्रकैद के साथ पांच लाख रुपये जुर्माना भी किया।
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