फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

टीचर मोनिका केस: पति को सात साल कैद

Fri, 20 Dec 2013 08:36 PM IST
अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
विज्ञापन
जिला एवं सत्र न्यायाधीश एसके अग्रवाल की अदालत ने शुक्रवार को सेक्टर-21 निवासी कंप्यूटर टीचर मोनिका की हत्या के मामले में उसके पति विकास गोयल सात साल कैद की सजा सुनाई।
विज्ञापन


अदालत ने उन्हें टीचर को आत्महत्या के लिए उकसाने और सुबूत मिटाने की धाराओं के तहत दोषी माना। कोर्ट ने दोषी पर 70 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।

अदालत ने इस मामले में टीचर मोनिका के ससुर ज्ञान प्रकाश गोयल (67) और सास प्रेमलता गोयल (63) को भी सुबूत मिटाने का दोषी मानते हुए दोनों को डेढ़-डेढ़ साल की सजा सुनाई है।

सास और ससुर दोनों पर बीस-बीस हजार रुपये जुर्माना भी लगाया गया है। देवर विशाल गोयल को कोर्ट ने सुबूतों के अभाव में बरी कर दिया।

पिछले साल अक्तूबर में हुई थी मौत
सेक्टर-21 स्थित कोठी नंबर 2100 निवासी कंप्यूटर टीचर मोनिका की 15 अक्तूबर 2012 को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी।

मोनिका के भाई अमित ने हत्या की आशंका जताई थी। पुलिस ने आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज कर आरोपी पति विकास गोयल, सास प्रेमलता और ससुर ज्ञान प्रकाश गोयल को गिरफ्तार किया था।
विज्ञापन


अगले दिन उनकी निशानदेही पर पुलिस ने देवर विशाल को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने मोनिका के घर पर जाकर दोबारा से जांच की तो कोठी से खून से सनी चादर मिली थी।

पुलिस ने मामले में सभी पर सबूत छिपाने की धारा जोड़ दी थी। मोनिका को इंसाफ दिलाने के लिए परिजनों, न्यू पब्लिक स्कूल के टीचर, स्वयंसेवी संस्थाओं और छात्र संगठन के सदस्यों ने सेक्टर-15 से प्लाजा होते हुए सेक्टर-21 तक कैंडल मार्च भी निकाला था।
विज्ञापन


बहन के पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर अमित जिंदल ने विशेषज्ञों की राय लेकर एसएसपी से कई पहलुओं पर जांच करवाने के लिए गुहार लगाई थी।

बाद में सीएफएसएल रिपोर्ट आने के बाद पुलिस ने मोनिका की मौत मामले में सभी पर हत्या की धारा जोड़ दी थीं।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें