फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मोदी की महत्वाकांक्षी योजना पर हरियाणा में कुठाराघात

Thu, 01 Jan 2015 05:14 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
विज्ञापन
विज्ञापन
मोदी सरकार एक ओर जहां ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ योजना लागू करने जा रही है वहीं डबवाली में बेटियों को धरती पर आने से रोकने के गोरखधंधे का भंडाफोड़ हुआ है। यही नहीं आरोपी ने खुद मोबाइल अल्ट्रासाउंड सेंटर से लिंग जांच करने जैसे जघन्य अपराध को कुबूल करते हुए कहा है कि प्रदेश में ऐसे सैकड़ों सेंटर चल रहे हैं, जहां कोख में ही बेटियों का कत्ल किया जा रहा है। चलती वैन में पोर्टेबल सोनोग्राफी मशीन लगाकर लिंग जांच करने का यह धंधा हरियाणा और पंजाब में एक साल से चल रहा था।
विज्ञापन


बताया जा रहा है कि प्रदेश में इस तरह लिंग जांच के खुलासे का यह पहला मामला है। बुधवार को गुप्तचर विभाग ने योजनाबद्ध तरीके से सीआईए की मदद से गांव मांगेआना में गैंग को गिरफ्तार कर मशीन को जब्त कर लिया है। पुलिस ने पीएनडीएनटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।

आरोपियों की पहचान पंजाब के गांव पट्टी जिला तरनतारन हाल मोगा निवासी डॉ. जितेंद्र उर्फ सोनू, गांव घुकांवाली (ओढ़ां) निवासी जगदीश, डबवाली के वार्ड 18 निवासी लखवीर उर्फ लक्खा, मंडी किलियांवाली निवासी आशा तथा धर्मकोट (पंजाब) निवासी गुरविंद्र उर्फ गुरजिंद्र सिंह के रूप में हुई है।
विज्ञापन

यूं बनाई गई खुलासे की योजना

छह माह से सीआईडी को सूचना मिल रही थी कि जिले में इस तरह के मोबाइल सेंटर से लिंग जांच की जा रही है। इस गैंग को पकड़ने में सीआईडी को दो बार सफलता नहीं मिली। तीसरी दफा सीआईडी ने प्लान बनाकर एक फर्जी ग्राहक तैयार किया। ग्राहक को गिरोह में शामिल डबवाली निवासी लखवीर से मिलाया गया।

सेटिंग होने के बाद 31 दिसंबर 2014 का दिन निर्धारित किया गया। तय कार्यक्रम अनुसार बुधवार को सुबह करीब 11 बजे डॉ. जितेंद्र अपनी इनोवा गाड़ी के चालक गुरविंद्र सिंह के साथ डबवाली पहुंचा। डबवाली में पहले से गाड़ी में सोनोग्राफी मशीन लेकर तैयार खड़े घुकांवाली निवासी जगदीश के साथ सवार हो गया।

वहीं दूसरी गाड़ी में सवार डबवाली निवासी लखवीर उर्फ लक्खा कालांवाली टी प्वाइंट पर इकट्ठी हुई ऐलनाबाद, संगरिया तथा डबवाली निवासी चार महिलाओं को लेने के लिए पहुंच गया। उसके साथ आशा रानी भी मौजूद थी। जैसे ही डॉ. जितेंद्र की गाड़ी पास पहुंची तो लक्खा ने गाड़ी आगे लगा ली। दोनों गाड़ियां गांव मांगेआना पहुंची।

सीआईडी का जवान बना फर्जी ग्राहक

इसी बीच सीआईडी का फर्जी ग्राहक नहीं आया तो सीआईडी ने योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए अपने ही एक मुलाजिम को कंबल देकर खड़ा कर दिया। लक्खा ने कंबल लिए मुलाजिम से लिंग जांच के लिए मकान का पता पूछा। सीआईडी जवान का इशारा पाते ही लिंग जांच करने वाला गिरोह पुलिस के जाल में फंस गया।

जैसे ही दोनों गाड़ियों को ब्रेक लगे। वहां पहले से मौजूद सीआईए तथा सीआईडी जवानों ने आरोपियों को काबू कर लिया। पुलिस को देखकर लिंग जांच करवाने के लिए गांव मांगेआना में आई महिलाएं भागकर खेतों में जा छुप गईं। पुलिस ने महिलाओं को काबू कर लिया। कार की तालाशी लेने पर पुलिस को पोर्टेबल मशीन तथा अन्य औजार बरामद हुए।

20 हजार तक लेते थे जांच के लिए

गांव मांगेआना में सीआईडी जवान भोला सिंह का गांव हैं। अपनी योजना को अंजाम तक पहुंचाने के लिए भोला सिंह ने अपने अधीन जवान गुरमीत सिंह तथा जग्गा सिंह को विश्वास में लिया। जग्गा सिंह को ही ग्राहक बनाया गया।

आरोपियों ने जग्गा सिंह से लिंग परीक्षण के लिए 20 हजार रुपये मांगे थे। दो बेटियां होने की दुहाई देते हुए आरोपियों ने जग्गा सिंह से 14 हजार 500 रुपये में लिंग जांच की सेटिंग की थी।

पकड़े जाने से पहले की लिंग जांच
यह बात सामने आ रही कि पोर्टेबल मशीन के जरिये लिंग जांच करने वाले आरोपी बुधवार सुबह करीब 9.30 बजे ही उपमंडल डबवाली के गांव अलीकां पहुंच गए थे। अलीकां में दो महिलाओं की लिंग जांच करने के बाद डबवाली पहुंचे थे। जिसके बाद आगे की कार्रवाई को अंजाम देने की प्रक्रिया शुरू कर दी थी।
विज्ञापन

अब तक होता था चाइनीज मशीन का प्रयोग

मौके पर डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. राजकुमार, एसएमओ एमके भादू, जिला औषधि नियंत्रक दिनेश राणा के नेतृत्व में पहुंची टीम ने पकड़ी गई पोर्टेबल मशीन को सील कर दिया।

जांच टीम ने बताया कि अब तक लिंग जांच में चाइनीज मशीनों का प्रयोग होता था। लेकिन यह पहला मौका है जब मेडिकल लाइन में प्रयोग होने वाली किसी पोर्टेबल मशीन को लिंग जांच के गोरखधंधे में उतारा गया है।

आगामी कार्रवाई शुरू
सीआईए प्रभारी राकेश कुमार ने बताया कि पकड़े गये आरोपियों के विरुद्ध मामला दर्ज करके आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें