प्रेम प्रसंग के शक में बेटी को मौत के घाट उतारने के बहुचर्चित केस में जिला अदालत ने बाप को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है।
आरोपी को 21 अक्टूबर को दोषी करार दिया गया था। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजेश शर्मा की अदालत ने हत्यारे बाप पर दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
जुर्माना न भरने की सूरत में आरोपी को एक साल की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। मामला 17 अक्टूबर, 2010 की रात का है। रणबीर ने अपनी बेटी अंग्रेजी से एमए कर रही वृत्तिका उर्फ विमी की गला घोंट कर हत्या कर दी थी।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ खुलासा 18 अक्टूबर को रणबीर की पत्नी ने पुलिस को दिए बयान में कहा था कि रात को एक अज्ञात लड़के ने उसकी बेटी के साथ दुराचार किया।
आरोप लगाया कि दुराचार के बाद उसकी बेटी को छत से नीचे गिरा दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। छात्रा का शव घर के आंगन में पड़ा मिला था। पुलिस ने भी उसी के बयान के आधार पर केस दर्ज कर लिया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट आई तो पुलिस हैरान रह गई। वृत्तिका की मौत गला घोंटने से हुई और उसके साथ दुराचार भी नहीं हुआ था। रिपोर्ट के बाद सतर्क हुई पुलिस को परिजनों के बयानों पर शक हुआ तो उन्हीं से सख्ती से पूछताछ की।
इसके बाद सब कुछ सामने आ गया। पुलिस के मुताबिक उसके पिता रणबीर ने ही उसकी गला घोंट कर हत्या की थी। जांच में सामने आया था कि वृत्तिका किसी लड़के से प्यार करती थी और यह परिजनों का बर्दाश्त नहीं था।