5 दिन के नवजात बेटे को किडनेप करके 5 लोगों ने महिला से एक-एक कर हवस मिटाई। मामला हरियाणा के हिसार का है। महिला स्टेशन पर बैठी ट्रेन के आने का इंतजार कर रही थी। अचानक दो महिलाएं आई और बच्चे को छीनकर ले गई। महिला ने उनका पीछा किया तो वे एक कमरे में घुस गई। वहां मौजूद 5 युवकों ने बेटे को मारने की धमकी देकर उसके साथ गैंगरेप किया।
बिहार राज्य के दरभंगा की रहने वाली पीड़ित महिला जोधपुर जाने के लिए पांच दिन के नवजात के साथ स्थानीय रेलवे स्टेशन पहुंची थी। इसी दौरान दो महिलाओं ने उसके बच्चे का अपहरण कर उसे स्टेशन से बाहर आने के लिए विवश किया और बाद में एक कमरे में पांच व्यक्तियों ने उससे दुष्कर्म किया।
महिला की हालत खराब है और उसे सिविल अस्पताल में दाखिल कराया गया है। नवजात कहां है, इसका अभी सुराग नहीं लगा है। सिविल अस्पताल में दाखिल 20 वर्षीय पीड़िता ने बताया कि वह बिहार के दरभंगा जिले से है। पांच दिन पहले ही उसने बेटे को जन्म दिया था। उसका पति जोधपुर में काम करता है।
दरिंदगी के बाद बच्चे को लेकर चले गए
महिला रोती गिड़गिड़ाती रही, लेकिन किसी ने उसकी सुध नहीं ली। युवक उसे कमरे में ही छोड़ कर चलते बने। इस दौरान उसकी हालत बिगड़ गई। बाद में उन दो महिलाओं में से एक ने उसे सिविल अस्पताल में दाखिल कराया। महिला को उसका नवजात बेटा नहीं दिया गया है।
सीसीटीवी में महिला कैद:
पीड़िता का कहना है कि जहां उसके साथ ज्यादती हुई, उस जगह के बारे में उसे नहीं पता। उसे स्टेशन से पैदल ही एक जगह पर ले जाया गया था। वह उस जगह को पहचान सकती है। इस बीच जिस महिला ने उसे सिविल अस्पताल में दाखिल कराया वह सिविल अस्पताल में लगे सीसीटीवी में कैद हो गई है।
घंटों बाद ली पुलिस ने सुध:
महिला से सामूहिक दुष्कर्म की सूचना के बाद सिविल अस्पताल पहुंचे जनसंघर्ष समिति के प्रधान गौतम सरदाना ने बताया कि वारदात तीन बजे की है। पुलिस को 100 नंबर पर सूचना दे दी गई थी। लेकिन रात 10 बजे तक भी पुलिस महिला की सुध लेने नहीं पहुंची। उन्होंने कहा कि महिलाओं के साथ पुलिस को इसी प्रकार लेट लतीफ रवैया अपनाना है तो फिर महिला थाना खोलने का मतलब ही क्या है।
सरोजबाला, प्रभारी महिला थानाकिसी युवती से दुष्कर्म की सूचना थाने को मिली है। पुलिस की एक टीम को अस्पताल रवाना किया गया है। पीड़िता के बयान के बाद ही पूरा मामला खुल पाएगा।