आरोप है कि सीआईए स्टाफ ने राकेश से बरामद 398 किलोग्राम डोडापोस्त को मिलीभगत कर छिपा लिया था। इस बारे में एक व्यक्ति ने डीआईजी को शिकायत दी। इस पर डीआईजी ने मामले की जांच हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो को सौंपी। जांच में सामने आया कि सीआईए की टीम ने नशा तस्करों के साथ मिलीभगत की है। एचएसएनसीबी ने सीआईए के एएसआई प्रवीण, जयबीर और दो तस्करों के खिलाफ मामला दर्ज कर दिया है।
पुलिस थाना में खड़े ट्रक में मिले डोडापोस्त के बैग
टीम इंचार्ज डीएसपी जितेंद्र, डीएसपी राजेश कुमार ने बताया कि एचएसएनसीबी को मुखबिर से जानकारी मिली कि उचाना में जो नशा तस्कर पकड़े हैं, उनकी पुलिस के साथ मिलीभगत है। ट्रक में ज्यादा डोडापोस्त था जो कम दिखाया गया है। पुलिस थाना में जो ट्रक खड़ा है, उसमें डोडापोस्त के बैग है। अगर पुलिस छापा मारे तो वह बरामद हो सकते हैं।
इस पर उचाना के बीडीपीओ सोमवीर कादियान को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त कर ट्रक की तलाशी ली तो प्याज से भरे ट्रक में डोडापोस्त के बैग मिले। ट्रक से उतारे 20 बैग में 398 किलो डोडापोस्त बरामद हुआ। सीआईए द्वारा मामले में दो आरोपियों को रिमांड के बाद गुरुवार को अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। एचएसएनसीबी टीम में पीएचआई बिजेंद्र, एएसआई छबील, एचसी राजीव, एचसी हरप्रीत शामिल रहे।
इन पुलिसकर्मियों पर हुई कार्रवाई
तस्करों से मिलीभगत में लिप्त होने के आरोपी सीआईए इंस्पेक्टर वीरेंद्र सिंह, एएसआई प्रवीन कुमार, एएसआई जयबीर, ईएसआई सुरजीत सिंह, हेड कांस्टेबल संदीप, सिपाही अनूप, सतीश और भगड़वत सिंह को निलंबित कर लाइन हाजिर कर दिया गया है।
नशीले पदार्थ की हेराफेरी करने के आरोपी आठ पुलिसकर्मियों को निलंबित कर लाइन हाजिर कर दिया गया है। नारकोटिक्स विभाग आगे की जांच कर रहा है। - ओपी नरवाल, डीआईजी कम एसपी ।