पुलिस को कमरे से कुछ कागजात मिले जिसके बाद वह आरोपी अर्जुन के गांव तक पहुंची। अर्जुन के बारे में पता लगते ही एक टीम बुधवार को यूपी रवाना की गई जहां पुलिस ने दीपा के पिता कृष्ण पाल को फोटो दिखाकर उसकी शिनाख्त की। इसके बाद पुलिस ने कृष्णपाल के बयान पर आरोपी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया।
मृतका के पिता ने बताया कि आरोपी उनके गांव में ही रहता था। दीपा की शादी एक युवक के साथ हो गई। शादी के बाद भी आरोपी अकसर उसकी बेटी के पीछे पड़ा रहता था। वह किसी तरह दीपा को बहला-फुसलाकर जनवरी में घर से भाग ले आया। इसकी शिकायत पुलिस को भी दी थी।
पुलिस को मकान मालिक और आसपास के लोगों के बयान से पता चला कि जब से दोनों कमरे में रहने आए थे तब से दोनों में किसी न किसी बात को लेकर झगड़ा होता रहता था, लेकिन आरोपी अर्जुन ने दीपा को कैसे और क्यों मारा, यह उसकी गिरफ्तारी के बाद ही पता चल पाएगा।
यह था मामला
पुलिस को मंगलवार रात को 11 बजे महिला दीपा का शव कमरे में पड़ा मिला था। मुंह और नाक से खून बह रहा था जबकि गले पर निशान होने से चेहरा नीला हो चुका था। उस समय महिला की पहचान नहीं हो रही थी। महिला के बारे में पुलिस को इतना पता चला था कि वह 21 जनवरी को यहां शांति नगर में रहने आई थी जबकि इसके साथ रहने वाला दो दिन से गायब था।