फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जाली वीजा लगा मोटी रकम वसूलते थे, धरे गए

Fri, 25 Jul 2014 05:57 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पटियाला
विज्ञापन
विज्ञापन
पुलिस ने कनाडा, अमेरिका, इंग्लैंड, आस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड समेत अन्य कई देशों के जाली वीजा लगाकर मोटी रकम वसूलने वाले एक बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश कर इसके आठ सदस्यों को काबू किया है। इसमें एयर इंडिया दिल्ली में शिफ्ट सुपरवाइजर के तौर पर काम करता एक मुलाजिम और न्यूजीलैंड एंबेसी का एक पूर्व मुलाजिम भी शामिल है।
विज्ञापन


एसएसपी हरदियाल सिंह मान ने शुक्रवार को पुलिस लाइन में एक पत्रकार वार्ता में बताया कि थाना बनूड़ के मुख्य अफसर इंस्पेक्टर बिक्रमजीत सिंह बराड़ की अगुवाई में पुलिस ने इस गिरोह के सरगना संजीव कुमार समेत गुलशन कुमार, मोहित शर्मा निवासी गढ़शंकर (हाल निवासी सेक्टर 25 पंचकूला), चरन दविंदर सिंह निवासी राजपुरा, अमन कुमार निवासी लुधियाना, दविंदरपाल सिंह उर्फ अंगद भाटिया निवासी नई दिल्ली, जैदीप सिंह उर्फ जेडी निवासी दिल्ली और राहुल कुमार निवासी नई दिल्ली को काबू किया है। पुलिस ने इनके पास से दो लाख रुपये, 12 पासपोर्ट, दो लैपटॉप, एक प्रिंटर, एक स्कैनर, रबड़ की 16 जाली मोहरें, एक मारुति वैगनार और दो बाइक बरामद की हैं।

अखबारों में देते थे विदेश भेजने के विज्ञापन

एसएसपी ने बताया कि यह गिरोह भोले-भाले लोगों को विदेश भेजने संबंधी अखबारों में विज्ञापन देता था। इस काम के लिए संजीव कुमार ने अपना एक अस्थायी दफ्तर ग्राफ्ट कंसल्टेंट्स जालंधर और जीरकपुर में बनाए हुए थे।

उसने गलत रिहायशी सबूत देकर विभिन्न कंपनिययों के सिम लिए हुए थे और लोगों को अपने कई नाम मनीष मल्होत्रा, समीर, सुमित और रोहित वर्मा बताए हुए थे।

एसएसपी ने बताया कि संजीव अपने साथियों के साथ मिलकर पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, यूपी, हिमाचल प्रदेश में कई लोगों को विदेश भेजने के नाम पर ठग रहा था।

विज्ञापन

एयर इंडिया का मौजूदा मुलाजिम है एक आरोपी

दिल्ली में एयर इंडिया में बतौर शिफ्ट सुपरवाइजर सरकारी नौकरी करने वाले अपने साथी दविंदरपाल सिंह सिद्धू और 2006 में न्यूजीलैंड एंबेसी में दो साल के लिए वीजा अफसर के तौर पर तैनात राहुल कुमार के साथ मिलकर जाली वीजा लगवाता था। जैदीप सिंह उर्फ जेडी पासपोर्ट पर स्कैनर व प्रिंटर की मदद से जाली वीजा के स्टिकर लगाता था।

इसके बाद लोगों से पूरे पैसे लेकर अपना फोन नंबर, दफ्तर और रिहायश भी बदल लेता था। इस गिरोह ने पटियाला और आसपास के भोले-भाले लोगों से पैसे ठगे हैं। आरोपियों ने संदीप सिंह, दलजीत सिंह, जसविंदर सिंह निवासी अजरावर से आठ-आठ लाख रुपये, गुरमुख सिंह निवासी अजरावर से 15 लाख, गुरप्रीत सिंह निवासी अजरावर से 12 लाख, रणजीत सिंह, चरनजीत सिंह निवासी मियांपुर अंबाला से 12-12 लाख समेत कुल 75 लाख रुपये ठगे हैं। आरोपियों के खिलाफ थाना बनूड़ में विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें