जीरकपुर एकेएस कॉलोनी-1 में सोमवार शाम तीन फ्लैटों में संदिग्ध परिस्थितियों में आग लग गई। इस दौरान कोई जानी नुकसान नहीं हुआ, लेकिन घरों में रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। सूचना मिलने के बाद मौके पर डेराबस्सी फायर स्टेशन से दो और पंचकूला से दो गाड़ियां पहुंची।
जानकारी के अनुसार, एकेएस कॉलोनी-1 में स्थित आशियाना कॉम्प्लेक्स के ग्राउंड फ्लोर पर फ्लैट नंबर-32 में सोमवार शाम करीब चार बजे संदिग्ध परिस्थितियों में आग लग गई। हादसे के समय फ्लैट के मालिक शम्मी दत्ता नई कार लेने की खुशी में परिवार के साथ माथा टेकने के लिए गए हुए थे। दूसरी मंजिल पर रहने वाली सुमन ने नीचे से धुआं उठता देखा तो उन्होंने इसकी जानकारी पड़ोसियों और फायर विभाग को दी। आग की लपटें और धुएं के अंबार से पूरी सोसाइटी के अलावा आसपास रिहायशी क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया।
तीनों मंजिलों के स्टोर आपस में जुड़े होने के कारण आग ने नीचे से ऊपर तक फ्लैटों को अपनी चपेट में ले लिया। आशियाना कॉम्प्लेक्स में थोड़ी जगह पर करीब 100 फ्लैट हैं। रिहायशी क्षेत्र में आग लगने के बाद पूरे कॉम्प्लेक्स में अफरा-तफरी फैल गई। घरों से बाहर भागकर लोगों ने जान बचाई।
पड़ोसियों ने फायर की गाड़ी देर से पहुंचने का लगाया आरोप
जीरकपुर की एकेएस कॉलोनी-1 में लगी आग
- फोटो : अमर उजाला
कालोनी वासियों ने आरोप लगाया कि उन्होंने फायर विभाग को आग लगने के दस मिनट बाद सूचित कर दिया था, लेकिन 101 नंबर पर फोन कभी राजपुरा तो कभी चंडीगढ़ में मिल रहा था। काफी देर बाद फायर विभाग डेराबस्सी को सूचित किया गया। इस कारण करीब 45 मिनट बाद फायर की एक गाड़ी मौके पर पहुंची।
इसके बाद पंचकूला से दो गाड़ियां मंगवाई गई। देर शाम खबर लिखे जाने तक मुलाजिम आग पर काबू पाने में जुटे थे। आग से तीनों फ्लैट ग्राउंड फ्लोर नंबर-32, पहली मंजिल पर स्थित फ्लैट नंबर-42 और दूसरी मंजिल पर स्थित फ्लैट नंबर-52 में पड़ा सारा सामान जलकर राख हो गया। पड़ोसियों ने बताया कि आग से तीनों फ्लैट के अलावा बगल के घरों में भी नुकसान हुआ।
फायर स्टेशन डेराबस्सी के इंचार्ज मनजीत सिंह ने कहा कि आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि शार्ट सर्किट से आग लगी है। आग से हुए नुकसान की जांच की जा रही है। देर से आने के बारे में उन्होंने कहा कि सूचना मिलने के कुछ देर बाद ही वह मौके पर पहुंच गए थे।