फायरिंग के बाद दोनों आरोपियों को 32 बोर के दो पिस्टल समेत गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि लूट की वारदात का मुख्य साजिशकर्ता विक्रमजीत सिंह निवासी गांव टांगरा (अमृतसर) है। इसके बाद सीआईए सरहिंद के प्रभारी अमरबीर सिंह की अगुवाई वाली टीम ने कार में घूम रहे विक्रमजीत सिंह को गिरफ्तार कर लिया और उसकी निशानदेही पर उसके घर से 33 लाख 73 हजार रुपये बरामद किए।
पंप के पूर्व मैनेजर ने रची लूट की साजिश
एसएसपी डॉ. रवजोत गरेवाल ने बताया कि जांच के दौरान सामने आया कि पेट्रोल पंप पर अपनी नौकरी का कांट्रेक्ट 30 अप्रैल 2023 को खत्म होने के बाद मैनेजर विक्रमजीत सिंह को हटा दिया गया था। इसके बाद कंपनी ने पेट्रोल पंप में नया मैनेजर नियुक्त किया था। पंप पर लाखों रुपयों की नकदी आने-जाने का सारा भेद पता होने के चलते विक्रमजीत सिंह ने साथियों के साथ मिलकर लूट को अंजाम दिया। एसएसपी ने कहा कि उनकी टीमें लगातार दबिश दे रही हैं और जल्दी ही बाकी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।