एमडीसी में मनसा देवी रोड के पास बनी अवैध कालोनी हटाने की कार्रवाई के दौरान रविवार को जबरदस्त बवाल हुआ। कालोनीवासियों ने पुलिस बलों के साथ गए हुडा कर्मचारियों की टीम पर पत्थर बरसाए, जिसमें चार पुलिसकर्मी घायल हो गए। हालात पर काबू पाने के लिए ड्यूटी मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा।
इससे कुछ देर के लिए मामला शांत रहा, फिर कालोनीवासियों ने ब्रिज के ऊपर जाकर कालका-निजामुद्दीन ट्रेन को करीब 25 मिनट रोककर प्रदर्शन किया। साथ ही आने वाली दूसरी ट्रेनों को भी रोकने की चेतावनी दी। पुलिस ने किसी तरह रेल ट्रैक को खाली करवाया और कब्जा हटाने के लिए दो दिनों का समय दिया। इस पर सभी प्रदर्शनकारी सहमत हो गए।
नेताओं ने भी भड़काया मामला
कब्जा हटाने के लिए दो दिनों का समय मिलने के बाद मामला पूरी तरह शांत हो गया। इसी बीच कुछ नेताओं ने आकर फिर से मामला उछाल दिया। इसके बाद हुड़दंगियों ने मनसा देवी जाने वाली सड़क बंद कर दी और उन साथियों को छोड़ने की मांग की, जिन्होंने पुलिस पर पथराव किया था। काफी देर चले हंगामे के बाद आखिरकार सभी को छोड़ दिया गया।
पहले ही कहा था, कालोनी खाली करो
मनसा देवी मंदिर जाने वाली सड़क पर थाने के नजदीक हुडा की करीब छह एकड़ जमीन है। इस पर पिछले काफी समय से अवैध कालोनी बनी है। अब हुडा इस करोड़ों रुपये की जमीन पर प्लाट बनाना चाहता है। इसलिए काफी समय से कालोनी को खाली करने के लिए कहा जा रहा था।
चूंकि पंचकूला पुलिस लगातार हो रहे धरना-प्रदर्शनों में व्यस्त थी, लिहाजा फोर्स की कमी थी। फिर रविवार का दिन तय किया गया और हुडा कर्मी पुलिस बलों के साथ अतिक्रमण हटाने पहुंचे थे।