छह साल पहले शहर के सेक्टर-14 में हुए हाईप्रोफाइल डबल मर्डर मामले में एडीजे अजय कुमार शारदा ने अहम फैसला सुनाते हुए कांग्रेसी नेता रामकुमार कल्याण को दोषी करार दे दिया है।
उनकी पत्नी ओम लता कल्याण को इस मामले में आरोपों से बरी कर दिया गया है। रामकुमार कल्याण की सजा के लिए 12 मई को बहस होगी। इस मामले में सालों से पूरे शहर की निगाहें टिकी थी। जब से फैसले का दिन मुकर्रर हुआ था, उसी दिन यह केस फिर से शहर में चर्चा का विषय बना हुआ था। शुक्रवार को इसमें फैसला आया।
शहर के नामी वकील रणबीर सिंह बलड़ी की बेटी रेणुका की शादी सेक्टर-14 निवासी कांग्रेसी नेता रामकुमार कल्याण के बेटे नबित कल्याण के साथ हुई थी। दोनों ही परिवार एक दूसरे के बेहद नजदीकी थी, लेकिन शादी के बाद धीरे-धीरे नबित और रेणुका के रिश्तों में खटास शुरू हो गई।
रेणुका के आरोप थे कि उसे परेशान किया जाता था और मारपीट तक की जाती थी। इसके चलते दोनों परिवारों में पंचायतें भी हुई, लेकिन शिकायतों का सिलसिला जारी रहा। 22 अप्रैल 2008 को रेणुका ने अपने पिता रणबीर सिंह और भाई शरणबीर सिंह को फोन करके इसी तरह की शिकायत की।
इसके बाद शरणबीर अपनी रिवाल्वर लेकर गुस्से में रामकुमार कल्याण के घर पहुंचा और जैसे ही नबित ने दरवाजा खोला, उसे गोली मार दी। गोली लगने से नबित की मौके पर ही मौत हो गई।
घर में मौजूद रामकुमार कल्याण ने अपने बेटे की हत्या करने वाले शरणबीर को उनके ही घर में तभी गोली मार दी, जिससे शरणबीर की भी मौत हो गई। आरोप है कि रामकुमार कल्याण एक गोली पास में ही खड़ी अपनी पुत्रवधु रेणुका को भी मारी, जो उसके मुंह के पास लगी।