अक्सर आप ने पुलिस द्वारा झूठे केस दर्ज करने या सही लोगों को गलत मामलों में फंसाने के मामले तो सुने होगे। लेकिन थाना फेज-11 में एक ऐसा मामला दर्ज हुआ है, जिसमें एक पुलिस इंस्पेक्टर ने हवलदार के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया है। इंस्पेक्टर का कहना है कि एक हवलदार ने उसे नौकरी बहाली के नाम पर करीब 38 लाख रुपये ठग लिए। कुलजिंदर सिंह निवासी मोगा की शिकायत पर पुलिस ने हवलदार रामगोपाल व दो अज्ञात लोगों पर केस दर्ज कर लिया है। आरोपियों पर धारा 420, 465, 467, 468 व 471 के तहत केस दर्ज किया है। पुलिस का दावा है कि आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
जानकारी के मुताबिक, कुलजिंदर सिंह पंजाब पुलिस में इंस्पेक्टर के पद पर तैनात थे। कुछ समय पहले उनकी पोस्टिंग मोगा में थी। 2015 में एक मामले में डीजीपी के आदेश पर वहां के थाने में तैनात चार लोगों को डिसमिस कर दिया गया था। इसमें वह भी शामिल थे। इसके बाद वह अक्सर सेक्टर-9 स्थित पंजाब पुलिस के हेडक्वार्टर आते थे। वहां पर उनकी मुलाकात आरोपी हवलदार से हुई। जिसने उनको बताया कि उसकी अप्रोच ऊपर तक है। नौकरी बहाल करवाना तो उसके बाएं हाथ का खेल है। ऐसे में वह उसकी बातों में आ गया। साथ ही उसने कहा कि इसके लिए उसे मोटी रकम चुकानी होगी। इसके बाद दोनों में डील हो गई। साथ ही उसने 38 लाख की पेमेंट कर दी। इसके बाद न तो आरोपी ने उसकी नौकरी बहाल करवाई और न ही उसका फोन उठाया। आखिर में तंग आकर उसने इस संबंध में केस दर्ज किया गया है।
सिल्वी पार्क में हुई थी डील
जानकारी के मुताबिक आरोपी ने इंस्पेक्टर से कहा था कि वह चंडीगढ़ में नहीं मिलेंगे। जबकि उनकी डील मोहाली में होगी। इसके बाद वह सिल्वी पार्क में मिले। साथ ही सारी डील को अंजाम दिया गया।
पुलिस मुलाजिम से ठगी का पहला मामला
पुलिस मुलाजिम से ठगी का यह पहला मामला है। पुलिस मुलाजिम द्वारा सोमवार को ही थाने में पुलिस को शिकायत दी गई। जिसके बाद केस दर्ज करने की प्रक्रिया की गई।