भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएल) की खस्ताहाली और बंद होने की आशंका के बीच बीएसएनएल में कार्यरत एक कर्मचारी ने नहर में छलांग लगा दी। युवक ने वहाट्सएप पर सुसाइड नोट डालकर शुक्रवार शाम जनसुई नहर में छलांग लगाई। घटनास्थल पर युवक की बाइक, पर्स और सुसाइड नोट मिला है। पुलिस ने उसके भाई की शिकायत पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शनिवार सुबह से गोताखोर युवक को नहर में तलाशते रहे, लेकिन देर शाम तक उसका पता नहीं लग सका।
जानकारी के अनुसार, बीएसएनएल के बंद होने की आशंका में अंबाला छावनी के बीडी फ्लोर मिल के निकट हरिनगर निवासी आशीष कुमार जनसुई नहर में कूद गया। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे परिजनों ने थाना नग्गल पुलिस को इसकी जानकारी दी। शनिवार सुबह से ही गोताखोर जनसुई नहर में युवक की तलाश कर रहे। घटनास्थल पर परिजनों को आशीष की बाइक मिली। बाइक पर लगे बैग में से उसके आई-कार्ड, आधार कार्ड व पर्स मिला। पर्स में से एक सुसाइड नोट मिला।
यह लिखा सुसाइड नोट में
मैं बीएसएनएल शाहाबाद में टेलीकॉम टेक्निशियन के पद पर कार्यरत हूं। पिछले कई दिनों से बीएसएनएल के बंद होने की खबरों से परेशान हूं। फरवरी का वेतन 15 मार्च को मिलने के बाद से भविष्य को लेकर चिंता में हूं। इसी वजह से आत्महत्या कर रहा हूं। मेरे मरने के बाद बीएसएनएल के किसी भी स्टाफ, परिवार के सदस्य व अन्य किसी व्यक्ति को परेशान न किया जाए। मैं अपनी मर्जी से आत्महत्या कर रहा हूं।
तीन मई को ही लिखा था सुसाइड नोट
बताया जा रहा है कि आशीष ने तीन मई को ही सुसाइड नोट लिखकर दोस्तों के व्हाट्सएप पर भेज दिया था। इसके बाद रात करीब साढ़े आठ बजे घर से गायब हो गया। नहर में कूदने की सूचना मिलने पर परिजन घटनास्थल पर पहुंचे। थाना नग्गल पुलिस भी जांच में जुट गई।
दिसंबर में होनी है शादी, कार्यालय में हो चुका है सम्मानित
बीएसएनएल कर्मचारी यूनियन शाहाबाद के प्रधान जगदेव सिंह गाबा के अनुसार, आशीष काफी मेहनती और ईमानदार कर्मचारी है। वह रोजाना अंबाला से मोटरसाइकिल से शाहाबाद आता है। ईमानदारी व निष्ठा से कार्य करने की वजह से उसे विभाग ने पिछले साल 15 अगस्त को सम्मानित किया था।
भाई निशांत ने बताया कि आशीष को कोई व्यक्तिगत परेशानी नहीं थी। उसकी शादी उत्तराखंड के रुड़की शहर में तय हुई है। दिसंबर माह में शादी होनी है। शादी की तैयारियां शुरू हो गई हैं। शुक्रवार को व्हाट्सएप ग्रुप में उसका सुसाइड नोट पढ़कर पता चला कि वह नौकरी को लेकर परेशान था।
शनिवार सुबह से दोपहर तक गोताखोर जनसुई नहर में आशीष की तलाश करते रहे, लेकिन उसका सुराग नहीं लगा। आशीष के भाई निशांत की शिकायत पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
- जगदीश चंद्र, एसएचओ, थाना नग्गल