सेक्टर-37 स्थित बतरा सिनेमा के मालिक नरेश बतरा और उनके बेटे नीरज बतरा ने मंगलवार को सीजेएम कोर्ट में सरेंडर कर दिया। सेक्टर-17 स्थित एक एससीओ में ताले तोड़ ट्रैसपासिंग करने, धमकाने सहित अन्य आपराधिक धाराओं के तहत दर्ज केस में दोनों आरोपी हैं। हालांकि दोनों को कोर्ट से 50-50 हजार रुपये के बेल बांड पर जमानत मिल गई। कोर्ट ने दोनों को 18 मई तक पुलिस जांच ज्वाइन करने के आदेश दिए हैं।
बता दें कि 29 अप्रैल को सेक्टर-17 थाना पुलिस ने सेक्टर-18ए निवासी नरेश बतरा, नीरज बतरा समेत कुल 7 आरोपियों के खिलाफ चालान पेश किया था। बीते वर्ष 9 नवंबर को आपराधिक धाराओं में इनके खिलाफ केस दर्ज किया गया था। मामले में शिकायतकर्ता सेक्टर-17डी के एससीओ नंबर 101-103 के निवासी विक्रम बतरा थे। उन्होंने सेक्टर-17 पुलिस थाने में संबंधित शिकायत दी थी।
पुलिस ने ट्रैसपासिंग, धमकाने, पुलिस की ड्यूटी में बाधा पहुंचाने और चोरी की धाराओं से संबंधित केस दर्ज किया था। वहीं मामले में पांच अन्य आरोपी, जिनकी गिरफ्तारी नहीं हो पाई है, वह नरेश बतरा के कर्मी बताए गए हैं। इनमें आगरा निवासी इरशाद अली, मखबुल, शकील, मुदस्सर और प्यारे शामिल हैं।
शिकायत में विक्रम ने कहा था कि एससीओ का गैरकानूनी कब्जा लेने के लिए नरेश बतरा, नीरज बतरा सहित 5 अन्य लोगों ने उनके यहां ताले तोड़े। एससीओ का बेसमेंट पहले एक शू हाउस को दिया हुआ था। वहीं आधा हिस्सा उनके किराएदार हैंडलूम वाले को दिया हुआ था। शू हाउस के किराएदार ने 31 अक्तूबर 2015 को यहां खाली कर दिया था। इसके बाद यह जगह संयुक्त रूप से शिकायतकर्ता के पिता व सह मालिकों को मिला था। खाली जगह पर विक्रम बतरा ने दो ताले लगाए थे। आरोपियों ने इन तालों को तोड़ा था।